Бгрстми зори пеши он кому ҳаво

بگرستم زار پیش آن کام و هوا

Гуфтои мгарии панд ҳаме дод маро

گفتا مگری پند همی داد مرا

Пиндошти магар коб намонад фардо

پنداشت مگر کآب نماند فردا

Натавон кардани тиҳӣ ба соғари дарё

نتوان کردن تهی به ساغر دریا