намебинолам ки басар вақт расад сайёдам

می بنالم که بسر وقت رسد صیادم

На ман аз танагӣ домаст ки дар фарёдам

نه من از تنگی دام است که در فریادم

Сайр шуд зинчмни сабзи дили ношодм

سیر شد زینچمن سبز دل ناشادم

Кош мекард бахуд рӯй қафаси сайёдам

کاش میکرد بخود روی قفس صیادم

Тир каз шаст бишуд боз наёяд бкмон

تیر کز شست بشد باز نیاید بکمان

Панди перони чаканами ман ки дил аз каф додам

پند پیران چکنم من که دل از کف دادم

Кишти даври фалак аз миннати таъмири маро

کشت دور فلک از منت تعمیر مرا

Хунаки онрўз ки силии барад аз бунёдам

خنک آنروز که سیلی برد از بنیادم

Ман ки аз хулди барин дили нигарони бастами бор

من که از خلد برین دل نگران بستم بار

То сари кӯй ту дидам ҳама рафт аз ёдам

تا سر کوی تو دیدم همه رفت از یادم

Хоҷаи душвор писандасту маро рӯй сиёҳ

خواجه دشوار پسند است و مرا روی سیاه

Тарсам аз бандагӣ хеш кунам озодам

ترسم از بندگی خویش کنم آزادم

Чашм бар сӯрати манзур на савт ва на сухан

چشم بر صورت منظور نه صوت و نه سخن

Ишқ дар ҳикмат ишроқ намӯд устодам

عشق در حکمت اشراق نمود استادم

Гила аз одами хокӣ на тариқ адабаст

گله از آدم خاکی نه طریق ادبست

Гарчи оварад дар ин дайри хароби ободам

گرچه آورد در این دیر خراب آبادم

Лутфи султони азали хост ки аз саҷдаи хок

لطف سلطان ازل خواست که از سجدۀ خاک

Бори ин нихват беҳуда диҳад бар бодам

بار این نخوت بیهوده دهد بر بادم

Нахӯрам ғам ки баради бори бади англшни қудс

نخورم غم که برد بار بد انگلشن قدس

Иллати нихвату мастӣ чу з сар биниҳодам

علت نخوت و مستی چو ز سر بنهادم

Нири ибни номаи бдиўон амал натавон барад

نیرّ ابن نامه بدیوان عمل نتوان برد

Оҳ агар лутф шҳншаҳ накунад имдодам

آه اگر لطف شهنشه نکند امدادم

Вориси соқии кавсари шаҳи меҳри афсари Тӯс

وارث ساقی کوثر شه مهر افسر طوس

Онкӣ бо доғи ғуломяши зи модари зодам

آنکه با داغ غلامیش ز مادر زادم