Ҳрсў ки кунӣ рўтўи бдиншклу шамоил
هرسو که کنی روتو بدینشکل و شمایل
Гирданд турои орифу омии ҳамаи моил
گردند ترا عارف و عامی همه مایل
Ҳам моили рухсори ту хуршеди ҷҳонтоб
هم مایل رخسار تو خورشید جهانتاب
Ҳам соили дарбори ту султони қабоил
هم سائل دربار تو سلطان قبایل
Помоли фироқат нашуда сар натавон кард
پامال فراقت نشده سر نتوان کرد
Бргрдни васлати нафасии дасти ҳамоил
برگردن وصلت نفسی دست حمایل
Ҳар чанд кунад ҷисми марои хоку баради бод
هر چند کند جسم مرا خاک و برد باد
Аз дил накунад сайли фанои нақши ту зоил
از دل نکند سیل فنا نقش تو زایل
Оқил буд онкскаҳ кунад касби фазилат
عاقل بود آنکسکه کند کسب فضیلت
Ман ошиқаму ишқи туами баси зи фазойил
من عاشقم و عشق توام بس ز فضایل
Ҷузи ишқи ту кони уқдаи гушои дил ман шуд
جز عشق تو کان عقده گشای دل من شد
Нагушӯд марои уқда аз ҳалу рсоил
نگشود مرا عقده از حل و رسایل
Умрӣаст ки дил аз паии тавсифи ҷамолат
عمریست که دل از پی توصیف جمالت
Багушӯда бмФтоҳи сухани нури длоӣл
بگشوده بمفتاح سخن نور دلائل