Ғусса ӣ олами насиби ҷони ношод ман аст
غصه ی عالم نصیب جان ناشاد من است
Меҳнат рӯй замин дар меҳнати обод ман аст
محنت روی زمین در محنت آباد من است
Доими андешад ки чун аз кӯии худ даврам кунад
دایم اندیشد که چون از کوی خود دورم کند
Куфр неъмат бошад ар гӯям ки беёд ман аст
کفر نعمت باشد ار گویم که بی یاد من است
Он чунонам басти кӯи худ ба тир натавонад гушӯд
آن چنانم بست کو خود به تیر نتواند گشود
Монданам дар дом кӣ аз захми сайёд ман аст
ماندنم در دام کی از زخم صیاد من است
Тираи рӯзам гарчи дорад гӯш бар фарёди ман
تیره روزم گرچه دارد گوش بر فریاد من
Зон ки медонам намедонад ки фарёд ман аст
زآن که میدانم نمیداند که فریاد من است