Ситамдидаи бардошти фарёду оҳ

ستمدیده برداشت فریاد و آه

Ки эй рафтаи адлати зи моҳии бмоаҳ

که ای رفته عدلت ز ماهی بماه

зи ҷуфтам ки бо нолаи ҷуфти омадам

ز جفتم که با ناله جفت آمدم

Шабу рӯз бе хӯрд ва хуфт омадам

شب و روز بی خورد و خفت آمدم

Марои ҷуфти бегонаи хеши гашт

مرا جفت بیگانه خویش گشت

Ки дар ошноӣии бидонадяши гашт

که در آشنائی بداندیش گشت

Марои ёр бе меҳри азкиди даҳр

مرا یار بی مهر ازکید دهر

Чунон мор бе муҳраи афканди заҳр

چنان مار بی مهره افکند زهر

Нишоед бъҳди ту эй подшоҳ

نشاید بعهد تو ای پادشاه

Бойени фару неруу тоҷу кулоҳ

باین فر و نیرو و تاج و کلاه

Ки кдбонўӣӣ кдхдоӣӣ кунад

که کدبانوئی کدخدائی کند

Ки хрмҳраҳ эй каҳрабое кунад

که خرمهره ای کهربایی کند

Парешон кунад бгаро зардяш

پریشان کند برگرا زردیش

Зани он ба ки набӯд ҷавонмардяш

زن آن به که نبود جوانمردیش

Шҳо дорам андари сухани тобу печ

شها دارم اندر سخن تاب و پیچ

Бар ин хастаи ин зулм мапаснд ҳеҷ

بر این خسته این ظلم مپسند هیچ

Ки мебугзарад бар ман имрӯзи рӯз

که می بگذرد بر من امروز روز

Бимонад бар ӯ то абади оҳу сӯз

بماند بر او تا ابد آه و سوز