Зон пештар ки куну маконро зуҳӯр буд
زان پیشتر که کون و مکان را ظهور بود
Дар базми васли дӯсти дилам дар ҳузур буд
در بزم وصل دوست دلم در حضور بود
Соқӣ чу дод бода ба риндон май параст
ساقی چو داد باده به رندان می پرست
Ҳар ҷуръаи зи машраби мо баҳри нур буд
هر جرعه ز مشرب ما بحر نور بود
Рӯзӣ ки халқи маст мемухталиф шуданд
روزی که خلق مست می مختلف شدند
Мастии ҷони мо зи шароби таҳур буд
مستی جان ما ز شراب طهور بود
Бо рӯй ҷон фурӯз вқди дилрабои ту
با روی جان فروز وقد دلربای تو
Майлии бҳўру ҷинату тӯбои қусӯр буд
میلی بحور و جنت و طوبی قصور بود
Ҳайрони ҳасани ёри чунонам ки аз азал
حیران حسن یار چنانم که از ازل
Аз ҳаст ва нест ҷону диламро нФўр буд
از هست و نیست جان و دلم را نفور بود
Ошиқи бароаи ишқ ба таслими пои ниҳод
عاشق براه عشق به تسلیم پا نهاد
Варна хаёли ишқи ту аз ақли давр буд
ورنه خیال عشق تو از عقل دور بود
Ному нишони ғайри асирии бҳрдўи кун
نام و نشان غیر اسیری بهردو کون
Нагузошт зонка ёри бғоити ғаюр буд
نگذاشت زانکه یار بغایت غیور بود