Фарёди зи золи чарх каз ҷавр
فریاد ز زال چرخ کز جور
Раҳмаши номади бҷони кулсум
رحمش نامد بجان کلثوم
Навмедаш кард аз ҷавонӣ
نومیدش کرد از جوانی
Оҳ аз сарви ҷавони кулсум
آه از سرو جوان کلثوم
Аз оташи кӣна аш барафрӯхт
از آتش کینه اش برافروخت
Таб дар тани нотавони кулсум
تب در تن ناتوان کلثوم
Ногоҳ вазиди сарсари марг
ناگاه وزید صرصر مرگ
Дар соҳати бӯстони кулсум
در ساحت بوستان کلثوم
Аз дами сардяши заъфарони зор
از دم سردیش زعفران زار
Шуд даста ӣ арғавони кулсум
شد دسته ی ارغوان کلثوم
Шуд ҳамсари ҳурёни ҷинат
شد همسر حوریان جنت
Омад чу басари замони кулсум
آمد چو بسر زمان کلثوم
Таърих вафот гуфт озар :
تاریخ وفات گفت آذر:
« дар сидра буд макони кулсум »
«در سدره بود مکان کلثوم»