Ҳар кӯи дилу ҷон ба хизматати прўрдст

هر کو دل و جان به خدمتت پروردست

Бо неъмату нози ҷуфти ваз ғам фардаст

با نعمت و ناز جفت وز غم فردست

Наргиси зару сим аз он ба даст оварадаст

نرگس زر و سیم از آن به دست آوردست

Кӯ низ шабии хизмат базмат кардаст

کو نیز شبی خدمت بزمت کردست