Ишқ агар дар ҷилваи оради партави мақдӯр ро
عشق اگر در جلوه آرد پرتو مقدور را
Аз гудоз дил диҳад равғани чароғи тавр ро
از گداز دل دهد روغن چراغ طور را
Ишқ чун гарм талаб созад сари пуршӯр ро
عشق چون گرم طلب سازد سرِ پرشور را
Шуълаи афсурдаи пиндоради чароғи тавр ро
شعلهٔ افسرده پندارد چراغ طور را
Бе ниёзии бскаҳи муштоқи лақои аҷз буд
بینیازی بسکه مشتاق لقای عجز بود
Кард хол рӯй дасти худ сулаймони мӯр ро
کرد خال روی دست خود سلیمان مور را
Аз фалак бе нолаи ком дил намеояд ба даст
از فلک بی ناله کام دل نمیآید به دست
Шаҳди хоҳии оташии зани хонаи занбӯр ро
شهد خواهی آتشی زن خانهٔ زنبور را
Аз шикасти дил чаҳ ъушратҳо ки барҳам хӯрд ва рафт
از شکست دل چه عشرتها که برهم خورد و رفت
Мӯии чинӣ шом ҷӯшанд аз саҳари фағфур ро
موی چینی شام جوشاند از سحر فغفور را
Орзӯманди туро сайри гулистон офат аст
آرزومند تو را سیر گلستان آفت است
Накҳати гул теғ бошад соҳиби носур ро
نکهت گل تیغ باشد صاحب ناسور را
Сӯхтан дар ҳар сифати манзури ишқ афтода аст
سوختن در هر صفت منظور عشق افتاده است
Машраби парвона аз оташ надонад нур ро
مشربِ پروانه از آتش نداند نور را
Соф ва дардӣ нест дар хмхонаҳи таҳқиқ лек
صاف و دُردی نیست در خمخانهٔ تحقیق لیک
Дори болои баради шӯри нашъаи Мансур ро
دار بالا بُرد شور نشئهٔ منصور را
Гар дилии дорӣ , ту ҳам хӯни созу соҳиб нашъа бош
گر دلی داری، تو هم خون ساز و صاحبنشئه باش
Май шудан махсӯс набӯд донаи ангур ро
مِی شدن مخصوص نبود دانهٔ انگور را
Дар тариқи нафъи худ кас нест муҳтоҷи далел
در طریق نفع خود کس نیست محتاج دلیل
Бе Асои роҳи даҳан маълум бошад кӯр ро
بی عصا راه دهن معلوم باشد کور را
Хуш намо набӯд ба перӣ арз андоз шабоб
خوشنما نبود به پیری عرضانداز شباب
Лофи гармӣ сард бошад накҳати кофур ро
لاف گرمی سرد باشد نکهت کافور را
Бар умеди васл мушкил нест қатъи зиндагӣ
بر امید وصل مشکل نیست قطع زندگی
Шавқ манзил мекунад наздик , роҳи давр ро
شوقِ منزل میکند نزدیک، راه دور را
Нағмаи ҳам дар нашъаи паймое қиёмат ме кунад
نغمه هم در نشئهپیمایی قیامت میکند
Мавҷ метораст бедили косаи тнбўр ро
موج می تار است بیدل کاسهٔ طنبور را