Ман ки дардии каши он мғбчаҳи хуморам
من که دُردیکش آن مغبچه خمارم
Ҷоми ҷами куҳнаи суфол дар ӯ пиндорам
جام جم کهنه سفال در او پندارم
Базм ӯ ҳалқаи ҷамъият махсӯсон аст
بزم او حلقه جمعیت مخصوصان است
Ман ки мардӯдам ва ошуфта набошад ёрам
من که مردودم و آشفته نباشد یارم
Чу кашами ҷониби риндони сабуии бода ба дӯш
چو کشم جانب رندان سبوی باده به دوش
Таъни зоҳиди шинавам лек ба хешаши ноРом
طعن زاهد شنوم لیک به خویشش نارم
Пушт аз бори ҷафоӣ фалакам гашта нигун
پشت از بار جفای فلکم گشته نگون
Дӯши зери сабуии базми маии ангорам
دوش زیر سبوی بزم مهی انگارم
Зоҳдои куфри худу дайн ту дидам нашавам
زاهدا کفر خود و دین تو دیدم نشوم
Розӣ ар паҳлавӣ тасбеҳ наҳй зуннорам
راضی ار پهلوی تسبیح نهی زنارم
Шайхи шаҳрам чу диҳад тавба з менест валек
شیخ شهرم چو دهد توبه ز می نیست ولیک
Пери дайр ар шунӯди кори ҷузи истиғфорам
پیر دیر ار شنود کار جز استغفارم
Гарчи ойини фалаки шеваи ноҳамвории сет
گرچه آیین فلک شیوه ناهمواریست
Фонё зу ситам ва зулм расад ҳамворам
فانیا زو ستم و ظلم رسد هموارم