Дай дар баҳори субҳ дарун омад аз дирам
دی در بهار صبح درون آمد از درم
Бахтами шукуфта рӯйтар аз субҳи нави баҳор
بختم شکفته روی تر از صبح نوبهار
Дар кисвати сиёҳи зи ҳасани қабул буд
در کسوت سیاه ز حسن قبول بود
Бисёр длФрибтар аз турра нигор
بسیار دلفریبتر از طره نگار
Равшани дили он чунон ки зи сад ҷон фузун намӯд
روشن دل آن چنان که ز صد جان فزون نمود
Як мардумаки саводаш дар чашми эътибор
یک مردمک سوادش در چشم اعتبار
Бўсидмши изору лабами пари зи хандаи гашт
بوسیدمش عذار و لبم پر ز خنده گشت
Аз баси шукуфта буд зи шавқаши гули изор
از بس شکفته بود ز شوقش گل عذار
Гуфтам агар ту бахти манӣ ин нишот чист
گفتم اگر تو بخت منی این نشاط چیست
Биншин чу ман ба таъзияти хеши сўкўор
بنشین چو من به تعزیت خویش سوکوار
Мо ҳар ду шахси мотам ва ҷон мусӣбатем
ما هر دو شخص ماتم و جان مصیبتیم
Мо аз куҷоу кавкабаи айшу гиру дор
ما از کجا و کوکبه عیش و گیر و دار
Гуфтори хамаш ки навбати иқбол дар расед
گفتار خمش که نوبت اقبال در رسید
Субҳ дигар дамид ва шуд он рӯзу рӯзгор
صبح دگر دمید و شد آن روز و روزگار
Рафт он ки дошт аз чаманати обу ранги нанг
رفت آن که داشت از چمنت آب و رنگ ننگ
Рафт он ки дошт аз қадаҳати софи вдрди ор
رفت آن که داشت از قدحت صاف ودرد عار
Инак расед турфаи саҳобй ки офтоб
اینک رسید طرفه سحابی که آفتاب
Нури карами зи соя ӯ карда мустаъор
نور کرم ز سایه او کرده مستعار
Инак расед нодарраи баҳрӣ ки осмон
اینک رسید نادره بحری که آسمان
Гум дар муҳӣти як садаф ӯст қатраи вор
گم در محیط یک صدف اوست قطرهوار
Инак расед тозаи баҳорӣ ки бнддӣ
اینک رسید تازهبهاری که بنددی
Гулдастаи нишоти зи мижгони ашкбор
گلدسته نشاط ز مژگان اشکبار
Инак расед он ки агар не ситам шавад
اینک رسید آن که اگر نی ستم شود
Беруни баради зи синаи ушшоқи дарди ёр
بیرون برد ز سینه عشاق درد یار
Ҷустами зи ҷо чу нури назар то буруни дувум
جستم ز جا چو نور نظر تا برون دوم
Наълин дидаи пеш ман оварад рӯзгор
نعلین دیده پیش من آورد روزگار
Ғофил ки чун бурид назари раҳ сипар шавад
غافل که چون برید نظر ره سپر شود
Наълин дидаи афканд аз пои раҳсипор
نعلین دیده افکند از پای رهسپار
Ногуҳ сипеҳр омад ва дар поем аўФтод
ناگه سپهر آمد و در پایم اوفتاد
Гули рехти ранги ранги зи мижгони аътзор
گل ریخت رنگ رنگ ز مژگان اعتذار
намегуфт баъд аз йени саги сар дар қаллода ам
میگفت بعد ازین سگ سر در قلادهام
Аз ман ба ҳазраташ накунӣ шиква зинҳор
از من به حضرتش نکنی شکوه زینهار
Гуфтам ту кистӣ ки ҳадисат карӣ кунад
گفتم تو کیستی که حدیثت کری کند
То бар нафас кунанд ҷигари хстгонши бор
تا بر نفس کنند جگر خستگانش بار
Дар дудмони ҳиммати озодагон буд
در دودمان همت آزادگان بود
Бедоди сифлагони насаби орои ифтихор
بیداد سفلگان نسبآرای افتخار
Мо гарми гуфтугӯ ки дарун омад офтоб
ما گرم گفتگو که درون آمد آفتاب
Дар тангнои дидаи хафоаши хоксор
در تنگنای دیده خفاش خاکسار
Неи он мҳинаҳи кавкаби коди бонӯии Масеҳ
نی آن مهینه کوکب کدبانوی مسیح
Он офтоби каш ду ҷаҳонаст як мадор
آن آفتاب کش دو جهانست یک مدار
Хуршеди осмони мъолии ҳусайни хон
خورشید آسمان معالی حسینخان
Иқболро хутути шуъоъяши пуду тор
اقبال را خطوط شعاعیش پود و تار
Номаш навиштаму қаламам аз мҳобтш
نامش نوشتم و قلمم از مهابتش
Дар раъшаи аўФтод чу мизроби хӯрдаи тор
در رعشه اوفتاد چو مضراب خورده تار
Венаи турфатар ки бас ки ҳарис саноӣ ӯст
وین طرفهتر که بس که حریص ثنای اوست
Дар айни раъшаи нағмаи мадҳаши баради бакор
در عین رعشه نغمه مدحش برد بکار
Аз инфеъоли дасти тиҳии сӯхти ҳамтем
از انفعال دست تهی سوخت همتم
Иқболи ҳазраташ чу маро дид шармсор
اقبال حضرتش چو مرا دید شرمسار
Дод аз карам ба ҳар сар мӯем ҳазор ҷон
داد از کرم به هر سر مویم هزار جان
Кардам якон якон ҳамаро дар раҳаши нисор
کردم یکان یکان همه را در رهش نثار
Гар неи зи баҳри тӯли бақои саноӣ ӯ
گر نی ز بهر طول بقای ثنای او
Айни алҳаёти гашти замири сногзор
عین الحیات گشت ضمیر ثناگزار
Оби Хизри зи лафзи тарашшӯҳ чаро кунад
آب خضر ز لفظ ترشح چرا کند
Гирам ки ғунча ҳои маъонӣаст обдор
گیرم که غنچههای معانیست آبدار
Бўсидмши замину лабами тарсам аз ғурур
بوسیدمش زمین و لبم ترسم از غرور
Дигар сано нахонд бар офаридагор
دیگر ثنا نخواند بر آفریدگار
Хонои ман он бурӣдаи ниҳолам ки ёфтам
خانا من آن بریده نهالم که یافتم
Дар оташ аз аз тарашшӯҳи лутфи ту баргу бор
در آتش از از ترشح لطف تو برگ و بار
Дар чорбоғи фазл ки ном самар намонад
در چارباغ فضل که نام ثمر نماند
То шохсори сояи ман гашти миваи дор
تا شاخسار سایه من گشت میوهدار
Аҳвол кунад мҳобти ҷоҳами ҳасуд ро
احوال کند مهابت جاهم حسود را
То бештар бар орадаш аз ҷонни ҳасади дамор
تا بیشتر برآردش از جانن حسد دمار
Калакам ки офариди ақолими назм ро
کلکم که آفرید اقالیم نظم را
Бас аз духони дӯда бар обаст на ҳисор
بس از دخان دوده بر آبست نه حصار
Куфрон неъматат накунам давлат ту кард
کفران نعمتت نکنم دولت تو کرد
Варна чаҳ бандад ва чаҳ кушояд аз он назор
ورنه چه بندد و چه گشاید از آن نزار
Венаи баргузӣдаи лутф кам аз халқи баргузед
وین برگزیده لطف کم از خلق برگزید
Шарҳаши чисони даҳум ки ним илми кирдигор
شرحش چسان دهم که نیم علم کردگار
Ғами хонаи маро ки ради рӯзгор буд
غم خانه مرا که رد روزگار بود
Кардӣ даҳуми сипеҳри алорақми рӯзгор
کردی دهم سپهر علیرغم روزگار
Дар раҳгузори сайл ҳаводис фиканда буд
در رهگذار سیل حوادث فکنده بود
Аз баси замини зи нисбати ин кулба дошт ор
از بس زمین ز نسبت این کلبه داشت عار
Вомрўз каъба дигараст аз қудуми ту
وامروز کعبه دگرست از قدوم تو
Бо таври ҳам ҷабалат ва бо арши ҳам айёр
با طور هم جبلت و با عرش هم عیار
То дӯди шамъи ҳиммат арбоб давлатаст
تا دود شمع همت ارباب دولتست
Бар чеҳраи арӯси ҳунари зулфи тобдор
بر چهره عروس هنر زلف تابدار
Сари манзили ҳунари равшани чароғи бод
سر منزل هنر روشن چراغ باد
Чунон ки кулбаи дили ошиқи зи меҳри ёр
چونان که کلبه دل عاشق ز مهر یار
Гуми боди номи душманат аз сафҳаи ҷаҳон
گم باد نام دشمنت از صفحه جهان
Чунон ки исму расми харобӣ аз йени диёр
چونان که اسم و رسم خرابی ازین دیار