Аз он ба хизмати михўоргони камари бастам
از آن به خدمت میخوارگان کمر بستم
Ки бо вуҷӯд май аз қайд ҳар ғамии ҷустам
که با وجود می از قید هر غمی جستم
Агар ба ёди сулаймон ҳамеша дастӣ дошт
اگر به بادْ سلیمان همیشه دستی داشت
Ман аз лаби ту сулаймони бода бар дастам
من از لب تو سلیمان باده بر دستم
Гуҳии зи наргиси мастонаи ту махмурам
گهی ز نرگس مستانهٔ تو مخمورم
Гуҳии зи гардиши паймонаи ту сармастам
گهی ز گردش پیمانهٔ تو سرمستم
Саги сарои туамгар азиз вагар хорам
سگ سرای توام گر عزیز و گر خوارم
Паии ҳавои туамгар баланд вагар пастам
پی هوای توام گر بلند و گر پستم
Хаёли гаштам ва дар хотир ту нагузаштам
خیال گشتم و در خاطر تو نگذشتم
Ғубори гаштам ва бар домани ту нншстм
غبار گشتم و بر دامن تو ننشستم
Ҳамин басаст хаёли дурусти аҳдии ман
همین بس است خیال درست عهدی من
Ки аз ҷафои ту паймон баста бишикастам
که از جفای تو پیمان بسته بشکستم
Таноби умри марои даст рӯзгор гусехт
طناب عمر مرا دست روزگار گسیخت
Ҳануз риштаи умед аз ту нгсстм
هنوز رشتهٔ امید از تو نگسستم
зи теғи ҳодисаи он рӯз эминам карданд
ز تیغ حادثه آن روز ایمنم کردند
Ки бо ду абрӯии пайвастаи ту пайвастам
که با دو ابروی پیوستهٔ تو پیوستم
Бад-ӣни тамаъ ки яке бар нишона биншинад
بدین طمع که یکی بر نشانه بنشیند
Ҳазор новаки парон раҳо шуд аз шастам
هزار ناوک پران رها شد از شستم
Фурӯғӣ ар дами ворастагии занам шояд
فروغی ار دم وارستگی زنم شاید
Ки ман ба ҳиммати шоҳ аз ғами ҷаҳони рустам
که من به همت شاه از غم جهان رستم
Сутӯда хусрав бахшанда Носириддини шоҳ
ستوده خسرو بخشنده ناصرالدین شاه
Ки мустаҳаққи атояш ба ростӣ ҳастам
که مستحق عطایش به راستی هستم