Вақти саҳари сӯии чамани андохтами гузар
وقت سحر سوی چمن انداختم گذر
То рафъ гардад аз гулу сабзаи малоли ман
تا رفع گردد از گل و سبزه ملال من
Чун по биравӣ сабзаи ниҳодам бтънаҳ гуфт
چون پا بروی سبزه نهادم بطعنه گفت
К-эй бехабар на магари огаҳи зи ҳоли ман
کای بی خبر نه مگر آگه ز حال من
Гар поймоли ту шудаам кам мубини маро
گر پایمال تو شده ام کم مبین مرا
Бингар ки ҳаст сад чу туе поймоли ман
بنگر که هست صد چو تویی پایمال من