То меҳри туам ба синаи мастур буд
تا مهر توام به سینه مستور بود
Зулмати зи фазои хотирами давр буд
ظلمت ز فضای خاطرم دور بود
Дил равшанӣам з ишқ бошад , оре
دل روشنیام ز عشق باشد، آری
Вайронаи зи офтоби маъмур буд
ویرانه ز آفتاب معمور بود
То меҳри туам ба синаи мастур буд
تا مهر توام به سینه مستور بود
Зулмати зи фазои хотирами давр буд
ظلمت ز فضای خاطرم دور بود
Дил равшанӣам з ишқ бошад , оре
دل روشنیام ز عشق باشد، آری
Вайронаи зи офтоби маъмур буд
ویرانه ز آفتاب معمور بود