Мапурс эй гули зи ман каз гулшани Кувайт чисон рафтам

مپرس ای گل ز من کز گلشن کویت چسان رفتم

Чу булбули зини чаман бо нолау оҳ ва фиғон рафтам

چو بلبل زین چمن با ناله و آه و فغان رفتم

Нбстми дил ба меҳри дигарон аммо зи кӯии ту

نبستم دل به مهر دیگران اما ز کوی تو

зи бас номеҳрбонӣ дидам эй номеҳрбон рафтам

ز بس نامهربانی دیدم ای نامهربان رفتم

Манам он булбули маҳҷӯр каз бедоди гулчинон

منم آن بلبل مهجور کز بیداد گلچینان

Ба дили сад хори хори ишқи гул аз гулистон рафтам

به دل صد خار خار عشق گل از گلستان رفتم

Манам он қамарии нолон ки аз баси санги бедодам

منم آن قمری نالان که از بس سنگ بیدادم

Заданд аз ҳар тараф аз боғат эй сарв равон рафтам

زدند از هر طرف از باغت ای سرو روان رفتم

Ба умедии ҷавонии сарф ишқат кардаму охир

به امیدی جوانی صرف عشقت کردم و آخر

Ба перии ноумед аз Кувайт эй зебо ҷавон рафтам

به پیری ناامید از کویت ای زیبا جوان رفتم

Надидам зон гул бе хори ҷузи меҳру вафо аммо

ندیدم زان گل بی‌خار جز مهر و وفا اما

зи боғ аз ҷаври гулчину ҷафоӣ боғбон рафтам

ز باغ از جور گلچین و جفای باغبان رفتم

Сухани кӯтаҳи зи ҷаври осмони ҳотиф ба нокомӣ

سخن کوته ز جور آسمان هاتف به ناکامی

зи ёрони ватан дил кунадам ва аз Исфаҳон рафтам

ز یاران وطن دل کندم و از اصفهان رفتم