Биқдр нахоҳам шуд агар хоки ниҳодам
بیقدر نخواهم شد اگر خاکنهادم
Хорами мангар зарраи хуршеди нажодам
خوارم منگر ذره خورشیدنژادم
Аз ҳастем ар нест нишон , ном баҷо ҳаст
از هستیم ار نیست نشان، نام به جا هست
Дар назд шабу рӯзи ҷаҳони нақши зиёдам
در نزد شب و روز جهان نقش زیادم
Ҷинси ману бозори ривоҷи ин чаҳ хаёласт
جنس من و بازار رواج این چه خیالست
Чун қиблаи намо дар ҳарами каъбаи касодам
چون قبلهنما در حرم کعبه کسادم
Аз домани саҳрои ҷунун даст надорам
از دامن صحرای جنون دست ندارم
Гар ашк бобм диҳаду оҳи ббодм
گر اشک به آبم دهد و آه به بادم
Биқдртр аз ғами бадали мотмёнм
بیقدرتر از غم به دل ماتمیانم
Ҳар чанд ки ноёбтар аз хотири шодам
هرچند که نایابتر از خاطر شادم
Аз дасти ман озурда чаро халқ набошанд
از دست من آزرده چرا خلق نباشند
Чун хомаи бҳрФи ҳамаи ангушти ниҳодам
چون خامه به حرف همه انگشت نهادم
Дар мактаб ишқаст китобами варақи дил
در مکتب عشقست کتابم ورق دل
Равшан нашавад ҷузи бхти захми саводам
روشن نشود جز به خط زخم سوادم
Як нақди дағали ҳиммати ман харҷ накарда аст
یک نقد دغل همت من خرج نکرده است
То пок нашуд хирман бар боди надодам
تا پاک نشد خرمن بر باد ندادم
Дар сина кулем ӣнҳамаи нохун ки шикастам
در سینه کلیم این همه ناخن که شکستم
Аз кори дили худ гиреҳи ғами нгшодм
از کار دل خود گره غم نگشادم