Чун ҳарифони сабӯҳии бчмн рӯй ниҳанд

چون حریفان صبوحی به چمن روی نهند

Чашм бар барги гулу гила ӣ худ рӯй ниҳанд

چشم بر برگ گل و لالهٔ خود روی نهند

Зоҳидии хирқау саҷҷода биксўӣ ниҳанд

زاهدان خرقه و سجاده به یک سوی نهند

Гӯш бар замзама ӣ булбул хўшгўӣ ниҳанд

گوش بر زمزمهٔ بلبل خوشگوی نهند

Ту биҷузи сояи сарву тарафи ҷӯии мҷўӣ

تو بجز سایه سرو و طرف جوی مجوی

Гули сӯрӣ дигар аз чеҳра барафканад ниқоб

گل سوری دگر از چهره برافکند نقاب

Қадаҳ лола шуд аз жолаи пар аз бода ӣ ноб

قدح لاله شد از ژاله پر از بادهٔ ناب

Соқио вақт сабӯҳаст бидиҳ ҷоми шароб

ساقیا وقت صبوحست بده جام شراب

Пеши рухсори ту гӯи субҳи ҷҳонтоби мтоб

پیش رخسار تو گو صبح جهانتاب متاب

Бо гул рӯй ту гӯи глолаҳ ӣ худрӯии Марвӣ

با گل روی تو گو گل لالهٔ خودروی مروی

Онкӣ бар лола кунад сунбули парчини парчин

آنکه بر لاله کند سنبل پرچین پرچین

Ман длсўхтаҳи Фарҳодаму лаълаши ширин

من دلسوخته فرهادم و لعلش شیرین

Биҷуз аз боғи ҷамолаши гули сад барги мучин

بجز از باغ جمالش گل صد برگ مچین

Рӯй ӯ байн ва дигар чашма ӣ хуршеди мубин

روی او بین و دگر چشمهٔ خورشید مبین

Зулф ӯ буи ва дигар сунбули хушбӯии мбўӣ

زلف او بوی و دگر سنبل خوشبوی مبوی

Дӯстон панд диҳанд ки макун ёди висол

دوستان پند دهندم که مکن یاد وصال

Ки хаёласт ки бинӣ дигараш ҷузи бхёл

که خیالست که بینی دگرش جز به خیال

Танат аз мӯя чу мўӣӣ шуд ва аз нолаи чўнол

تنت از مویه چو موئی شد و از ناله چو نال

Баъди азин дар ғами он сарви самани буии манол

بعد ازین در غم آن سرو سمن بوی منال

Беш азин бе рухи анмоаҳи зираи мӯии ммўӣ

بیش ازین بی رخ آن ماهِ زره موی مموی

Чун шавад мутриба ӣ пардаи сарои пардаи сарой

چون شود مطربهٔ پرده‌سرا پرده سرای

Ин ғзро баҳамин лаҳҷа ва ин пардаи сарой

این غزل را به همین لهجه و این پرده سرای

К-эии баҳори чаману сӯи хиромони сарой

که‌ای بهار چمن و سروِ خرامانِ سرای

Тӯтии мантиқи хоҷу чу шавад нағмаи сарой

طوطی منطق خواجو چو شود نغمه سرای

Сухан аз замзама ӣ булбул хўшгўӣ магӯӣ

سخن از زمزمهٔ بلبل خوشگوی مگوی