Гар сухан зон қад раъно гӯям
گر سخن زان قد رعنا گویم
Беш аз онаст ки зебо гӯям
بیش از آن است که زیبا گویم
Бо чунон қад чу камар барбандӣ
با چنان قد چو کمر بربندی
Ҷой онаст ки бар ҷо гӯям
جای آن است که بر جا گویم
То ту дар синаи дарунии дил ро
تا تو در سینه درونی دل را
Тир дар хона ҷавзо гӯям
تیر در خانه جوزا گویم
Дили ман ҳомил ғам кардӣ ва ман
دل من حامل غم کردی و من
Зодаи аллоҳ таъолӣ гӯям
زاده الله تعالی گویم
Ҳар ду чашмам ки дар обанд яке
هر دو چشمم که در آب اند یکی
Ҳар яке ду ӣам дарё гӯям
هر یکی دو یم دریا گویم
Бе рақиби ои шабӣ то пешат
بی رقیب آی شبی تا پیشت
Ҳол худ гӯям ва танҳо гӯям
حال خود گویم و تنها گویم
Сари нуҳум бар кафи поят , вонгоаҳ
سر نهم بر کف پایت، وانگاه
Литнии кант тробо гӯям
لیتنی کنت ترابا گویم
Он чунон сӯхтаам аз ҷаврат
آن چنان سوخته ام از جورت
Ки бисӯзад дилат ӯро гӯям
که بسوزد دلت او را گویم
Ҳоли хусрави нигар , абрӯ машкан
حال خسرو نگر، ابرو مشکن
Гар нагӯям суханӣ ё гӯям
گر نگویم سخنی یا گویم