Бурид боди сабои хотирӣ парешон дошт

برید باد صبا خاطری پریشان داشت

Магари ҳадисӣ аз он зулфи анбар афшон дошт

مگر حدیثی از آن زلف عنبر افشان داشت

Насими зулфнигор аз насими боди баҳор

نسیم زلف نگار از نسیم باد بهار

Футуҳи рӯҳи равону латофат ҷон дошт

فتوح روح روان و لطافت جان داشت

Сабои зи силсилаи гесуии мусалсали ёр

صبا ز سلسلۀ گیسوی مسلسل یار

Ҳазор силсила бар дасту пой мисатон дошт

هزار سلسله بر دست و پای مستان داشت

Биёами ёри азизи млиҷи рӯҳ афзо аст

بیام یار عزیز ملیج روح افزا است

Дами Масеҳ тавон гуфт баҳрае зон дошт

دم مسیح توان گفت بهره ای زان داشت

Ҳадиси он лабу дандон чаҳ дар фишонӣ кард

حدیث آن لب و دندان چه دُر فشانی کرد

Шикасти равнақи лؤлؤ , сабақи з марҷон дошт

شکست رونق لؤلؤ، سبق ز مرجان داشت

Ямани куҷоу Бадахшон ? ! магари сабои суханӣ

یمن کجا و بدخشان؟! مگر صبا سخنی

Аз он ақиқи дурахшону лаъл рахшон дошт

از آن عقیق درخشان و لعل رخشان داشت

Бёдм аз нафаси хуррам сабо омад

بیادم از نفس خرم صبا آمد

Гулӣ ки лаъли лабии ҳамчуи ғунча хандон дошт

گلی که لعل لبی همچو غنچه خندان داشت

Бхзрти хаташ аз Хизри ҷону дил май барад

بخضرت خطش از خضر جان و دل می برد

Чаҳ таънаҳо ки даҳонаш ба об ҳайвон дошт

چه طعنه ها که دهانش به آب حیوان داشت

Хатоаст сунбулаи гуфтан ба сунбултар ӯ

خطا است سنبله گفتن به سنبل تر او

Ба эътидоли қаду қоматӣ ба мизон дошт

به اعتدال قد و قامتی به میزان داشت

Ҳазор нуктаи борӣктар аз мӯ ӣнҷост

هزار نکتۀ باریکتر از مو اینجاست

Ба сад киришмаи зи асрори ҳасан ҷонон дошт

به صد کرشمه ز اسرار حسن جانان داشت

Маии кулоҳи киёнии басар чу кикоўс

مهی کلاه کیانی بسر چو کیکاوس

Ки афсари азимат бар фароз кайвон дошт

که افسر عظمت بر فراز کیوان داشت

Бхсрўӣ , ҳамаи бандагон ӯ парвиз

بخسروی، همۀ بندگان او پرویز

Ҷаҳони бсҳбти ширин ба зер фармон дошт

جهان بصحبت شیرین به زیر فرمان داشت

з ноӣ ҳасан ҳаме зад навой ё башарӣ

ز نای حسن همی زد نوای یا بُشری

Ҷамоли Юсуфии андар чаҳ занхдон дошт

جمال یوسفی اندر چه زنخدان داشت

Сабо дамид хури осои зи машриқи Эрон

صبا دمید خور آسا ز مشرق ایران

Магар ки заррае аз турбат хуросон дошт

مگر که ذره ای از تربت خراسان داشت

Маҳали амн ваамоне ки водии эмин

محل امن و امانی که وادی ایمن

Ҳар ончӣ дошт аз он хитта биёбон дошт

هر آنچه داشت از آن خطۀ بیابان داشت

Мақоми қудси халилу мнои ишқи забеҳ

مقام قدس خلیل و منای عشق ذبیح

Ки нақди ҷони бкФ аз баҳри дӯст қурбон дошт

که نقد جان بکف از بهر دوست قربان داشت

МтоФи олами имкони зи малик то малакӯт

مطاف عالم امکان ز ملک تا ملکوت

Ки аз мулӯку малики посбон ва дарбон дошт

که از ملوک و ملک پاسبان و دربان داشت

Бмстҷор дараш каъбаи мстҷиру ҳарам

بمستجار درش کعبه مستجیر و حرم

Асоси рукни ямонии зи рукн имон дошт

اساس رکن یمانی ز رکن ایمان داشت

Бмрўаҳи сафаи айвон ӯ сафо бахшед

بمروه صفۀ ایوان او صفا بخشید

Ҳтиму замзам аз ӯ обрӯ ва унвон дошт

حطیم و زمزم از او آبرو و عنوان داشت

Мураббаъи ҳарамаши рашки ҳашт боғи биҳишт

مربع حرمش رشک هشت باغ بهشت

Ки пояи бартар аз ин на равоқ гардон дошт

که پایه برتر از این نُه رواق گردان داشت

Ба қофи қубба ӯ пар намезанад анқо

به قاف قبهٔ او پر نمی‌زند عنقا

Бар остона ӯ сар эй гардон дошт

بر آستانهٔ او سر همای گردان داشت

Дараш чу нуқтаи муҳӣти мадори куну макон

درش چو نقطه محیط مدار کون و مکان

Ҳар офарӣдаи насибӣ бақадр имкон дошт

هر آفریده نصیبی بقدر امکان داشت

Шҳо саманди табиати з омадан лангаст

شها سمند طبیعت ز آمدن لنگست

Бидон ҳзираҳи умед вусӯл натавон дошт

بدان حظیره امید وصول نتوان داشت

Фазои қудси куҷои рФрФи хаёли куҷо

فضای قدس کجا رفرف خیال کجا

Барроқи ақл дар он арса гарчи ҷавлон дошт

براق عقل در آن عرصه گرچه جولان داشت

Дар ту мҳбти рӯҳи аломину ҳсни ҳсин

در تو مهبط روح الامین و حصن حصین

зи шарфаи шарафи аршу фарш , айвон дошт

ز شرفۀ شرف عرش و فرش، ایوان داشت

Қусӯри хулди зи мқсўраҳ ту ёфт камол

قصور خلد ز مقصورۀ تو یافت کمال

зи хизмат дар он равза , рутба ризвон дошт

ز خدمت در آن روضه، رتبه رضوان داشت

Тўӣии ризо ки қазоу қадари сари таслим

توئی رضا که قضا و قدر سر تسلیم

Бзири ҳукми ту эй подшоҳ шоҳон дошт

بزیر حکم تو ای پادشاه شاهان داشت

Ту муҳаррами ҳарами хоси лии маъаи аллоҳӣ

تو محرم حرم خاص لی مع اللهی

Турои аёни ҳақиқати ҷудои з аъён дошт

ترا عیان حقیقت جدا ز اعیان داشت

Таҷаллии аҳадяти чунон турои брбўд

تجلی احدیت چنان ترا بربود

Ки аз вуҷӯд ту нагузошт ончӣ виҷдон дошт

که از وجود تو نگذاشت آنچه وجدان داشت

Ҷамоли шоҳиди гетии бҳстии ту ҷамил

جمال شاهد گیتی بهستی تو جمیل

Ки аз шуъоъи ту шамъии фалак фурӯзон дошт

که از شعاع تو شمعی فلک فروزان داشت

Китоби муҳками тавҳид аз он ҷабини мубин

کتاب محکم توحید از آن جبین مبین

Ба чашми аҳли басирати далел ва бурҳон дошт

به چشم اهل بصیرت دلیل و برهان داشت

Ҳадиси ҳасан туро хонд Фолқи алосбоҳ

حدیث حسن ترا خواند فالق الاصباح

Ки аз уфуқи ғсқи аллилро гурезон дошт

که از افق غسق اللیل را گریزان داشت

Ту боءи бсмлаҳ эй дар саҳифаи кунин

تو باء بسمله ای در صحیفۀ کونین

зи нуқтаи ту таҷаллии нукот қуръон дошт

ز نقطۀ تو تجلی نکات قرآن داشت

зи масдари ту буд иштиқоқи муштақот

ز مصدر تو بود اشتقاق مشتقات

зи мбдءи ту исолати усӯл акуон дошт

ز مبدء تو اصالت اصول اکوان داشت

Мақоми зоти ту ҷамъи алҷўомъи калимот

مقام ذات تو جمع الجوامع کلمات

Сифоти ъзи ту шаънии рафеъ бунён дошт

صفات عز تو شأنی رفیع بنیان داشت

Ҳақоиқи азалӣ аз рухи ту ҷилва намӯд

حقایق ازلی از رخ تو جلوه نمود

Дақоиқи абадӣ аз лаби ту табён дошт

دقایق ابدی از لب تو تبیان داشت

Насими кӯии ту яҳёи алъзом ва ҳай Ромем

نسیم کوی تو یحیی العظام و هی رمیم

Шамеми буии ту сад боғи рӯҳ ва райҳон дошт

شمیم بوی تو صد باغ روح و ریحان داشت

Манотиқи фалакӣ чокар турост натоқ

مناطق فلکی چاکر تراست نطاق

зи меҳру моҳи басии гӯии зар бчўгон дошт

ز مهر و ماه بسی گوی زر بچوگان داشت

Фурӯғ рӯй турои муштарии ҳазорон буд

فروغ روی ترا مشتری هزاران بود

Вале ки Зуҳраи он Зуҳра рӯй тобон дошт

ولی که زهرۀ آن زهره روی تابان داشت

БмФтқр бингар каз азизи Мисри карам

بمفتقر بنگر کز عزیز مصر کرم

Ба ин бизоъати мзҷоаҳи чашм эҳсон дошт

به این بضاعت مزجاه چشم احسان داشت

Ба ин ҳадя агар даврам аз адаб чаҳ аҷаб

به این هدیه اگر دورم از ادب چه عجب

Ҳамин муомиларо мӯр бо сулаймон дошт

همین معامله را مور با سلیمان داشت