Биёи соқии он ҷоми равшан чу моҳ
بیا ساقی آن جام روشن چو ماه
Ба ман даҳ ба ёди замини бӯси шоҳ
به من ده به یاد زمین بوس شاه
Ки то маҳд бар пушти парвини кашам
که تا مهد بر پشت پروین کشم
Ба ёди шаҳи он ҷоми заррини кашам
به یاد شه آن جام زرین کشم
Вилояти ситони шоҳи гинии паноҳ
ولایت ستان شاه گینی پناه
Фаридуни камар балки хоқони кулоҳ
فریدون کمر بلکه خاقان کلاه
Малики нсрҳолдин ки аз дод ӯ
ملک نصرةالدین که از داد او
Хӯрд ҳар касе бода бар ёд ӯ
خورد هر کسی باده بر یاد او
Чу дар дониши вдини сарафрози гашт
چو در دانش ودین سرافراز گشت
Ҳамаи донишу дайни бадви бозгашт
همه دانش و دین بدو بازگشت
Сипеҳр ӣ сет ки ахтар бар ӯ тофтаи сет
سپهریست کهاختر بر او تافتهست
Муҳӣтӣ ки тоҷ аз гуҳар ёфта сет
محیطی که تاج از گهر یافتهست
Чу дарёии солиси нмти шӯии хок
چو دریای ثالث نمط شوی خاک
зи солиси салосаи ҷаҳони шастаи пок
ز ثالث ثلاثه جهان شسته پاک
Чу сайёраи муштарии сари баланд
چو سیارهٔ مشتری سر بلند
Назарҳои ӯ як ба як сӯдманд
نظرهای او یک به یک سودمند
Ба трбиъу таслиси гўҳрФшон
به تربیع و تثلیث گوهرفشان
Мураббаъ нишину мусалласи нишон
مربع نشین و مثلث نشان
зи сарсабзӣ ӯ ҷаҳони шоди хор
ز سرسبزی او جهان شاد خوار
Ҷаҳонро зи чандини малики ёдгор
جهان را ز چندین ملک یادگار
Ситора ки бар чарх сояд сараш
ستاره که بر چرخ ساید سرش
Зада сиккаи абда бар дараш
زده سکه عبده بر درش
Ҷаҳонро ба неруии шоҳаншаҳӣ
جهان را به نیروی شاهنشهی
зи фарҳанг пар кардау зи ғами тиҳӣ
ز فرهنگ پر کرده و ز غم تهی
Ба базм офтобӣаст афрӯхта
به بزم آفتابیست افروخته
Ба разми аждҳоӣии ҷаҳони сӯхта
به رزم اژدهائی جهان سوخته
зи равшани равонӣ ки дорад чу об
ز روشن روانی که دارد چو آب
Ба ду чашм равшан шудаст офтоб
به دو چشم روشن شد است آفتاب
Чу шамшераши оҳанги хӯни орад
چو شمشیرش آهنگ خون آرد
зи санги обу оташи буруни орад
ز سنگ آب و آتش برون آرد
Чу тир аз камони камӣни афканд
چو تیر از کمان کمین افکند
Сари осмон бар замини афканд
سر آسمان بر زمین افکند
Фаранги Фаластину рҳбони рӯм
فرنگ فلسطین و رهبان روم
Пазирои фармони меҳраш чу мум
پذیرای فرمان مهرش چو موم
Чу дидам ки бар тахти фирӯзманд
چو دیدم که بر تخت فیروزمند
Ба сарсабзӣ бахт шуд сарбаланд
به سرسبزی بخت شد سربلند
Нисорӣ набудам сазовор ӯ
نثاری نبودم سزاوار او
Ки резам бар авранги шҳўор ӯ
که ریزم بر اورنگ شهوار او
Ҳам аз оби ҳайвони Искандарӣ
هم از آب حیوان اسکندری
Зулолии чунин сохтам гавҳарӣ
زلالی چنین ساختم گوهری
Чу аз сохтан боз пардохтам
چو از ساختن باز پرداختم
Ба даргоҳ ӯ пешкаши сохтам
به درگاه او پیشکش ساختم
Супурдами нигини чунин гавҳарӣ
سپردم نگین چنین گوهری
зи Искандарии ҳам ба Искандарӣ
ز اسکندری هم به اسکندری
Бақои боди шаҳро ба неруии бахт
بقا باد شه را به نیروی بخت
Бадви ёди сарсабзии тоҷу тахт
بدو یاد سرسبزی تاج و تخت
Чунин булбулӣ дар гулистон ӯ
چنین بلبلی در گلستان او
Мубораки нафаси бод бар ҷон ӯ
مبارک نفس باد بر جان او
Зиҳии тоҷдорӣ ки тоҷи сипеҳр
زهی تاجداری که تاج سپهر
Сарири туро сари برارد ба меҳр
سریر تو را سر برآرد به مهر
Тўӣӣ дар ҷаҳони шоҳи бедори бахт
توئی در جهان شاه بیدار بخت
Туро дид давлати сазовори тахт
تو را دید دولت سزاوار تخت
Надорад зи гетии каси ин дастгоҳ
ندارد ز گیتی کس این دستگاه
Ки нзлӣ фиристад сазовори шоҳ
که نزلی فرستد سزاوار شاه
Азин кӯзаи гулгар обӣ чакид
ازین کوزه گل گر آبی چکید
Дар он жарфи дарё кӣ ояд падед
در آن ژرف دریا کی آید پدید
Нами чашма каз санг хоро расад
نم چشمه کز سنگ خارا رسد
Чу андак буд кӣ ба дарё расад
چو اندک بود کی به دریا رسد
Низомӣ ки худро ғулом ту кард
نظامی که خود را غلام تو کرد
Суханро гузориш ба ном ту кард
سخن را گزارش به نام تو کرد
Ҳамон пеши тахти ту меҳмон кашид
همان پیش تخت تو مهمان کشید
Ки он мӯри пеш сулаймон кашид
که آن مور پیش سلیمان کشید
Мубини ранги тоўсу парвоз ӯ
مبین رنگ طاوس و پرواز او
Ки чун гурба зиштамад овоз ӯ
که چون گربه زشت امد آواز او
Бидон булбули хиради байн каз наво
بدان بلبل خرد بین کز نوا
Фурӯд оварад мурғро аз ҳаво
فرود آورد مرغ را از هوا
Ман он булбулам каз Ирами тохтам
من آن بلبلم کز ارم تاختم
Ба боғи ту оромгаҳи сохтам
به باغ تو آرامگه ساختم
Нўоӣӣ сароем дар айёми ту
نوائی سرایم در ایام تو
Ки монад дарави солҳо номи ту
که ماند درو سالها نام تو
Ба номи ту зон кардам ин нома ро
به نام تو زان کردم این نامه را
Ки заррин кунад нақши ту хома ро
که زرین کند نقش تو خامه را
Зари пилўор аз ту мақсӯд нест
زر پیلوار از تو مقصود نیست
Ки пели ту чун пел Маҳмӯд нест
که پیل تو چون پیل محمود نیست
Бубахшӣ ту беонкӣ хоҳад касе
ببخشی تو بیآنکه خواهد کسی
Хазинаи фаровону халъати басӣ
خزینه فراوان و خلعت بسی
Гар ин номаро ман ба зар гуфтамӣ
گر این نامه را من به زر گفتمی
Ба умрии куҷои гавҳарии сФтмӣ
به عمری کجا گوهری سفتمی
Ҳамоно ки ишқами барӣн кор дошт
همانا که عشقم براین کار داشت
Чу ман кам занони ишқ бисёр дошт
چو من کم زنان عشق بسیار داشت
Маро дод тавфиқи гуфтани худоӣ
مرا داد توفیق گفتن خدای
Турои боди таъӣду фарҳангу рой
ترا باد تأیید و فرهنگ و رای
Аз он бештари коварӣ дар замир
از آن بیشتر کاوری در ضمیر
Вилоят ситон бошу офоқи гир
ولایت ستان باش و آفاق گیر
Замон то замон аз сипеҳри баланд
زمان تا زمان از سپهر بلند
Ба фатҳ дигар бош фирӯзманд
به فتح دگر باش فیروزمند
Ҷаҳон пеш хӯрд ҷавоняти бод
جهان پیش خورد جوانیت باد
Фузун аз ҳамаи зиндагонӣати бод
فزون از همه زندگانیت باد