Биё ки ҷони манӣ ҷони ман биёи бмрў
بیا که جانِ منی جانِ من بیا بمرو
Макун ба ком рақибон макун марои бмрў
مکن به کامِ رقیبان مکن مرا بمرو
Агар ризои ту дар куштан ман аст бикаш
اگر رضایِ تو در کشتنِ من است بکش
Ризои ризоӣ ту дорам бад-ӣни ризои бмрў
رضا رضایِ تو دارم بدین رضا بمرو
Ба ҳар қафо ки диҳии шокирами ?ҳуллои бози ой
به هر قفا که دهی شاکرم هلا باز آی
Ба ҳар ҷафо ки кунӣ розӣам биёи бмрў
به هر جفا که کنی راضی ام بیا بمرو
Ба сӯзи сина ӣ ман мубтало шӯй биншин
به سوزِ سینه ی من مبتلا شوی بنشین
Раво мадор битарс охир аз худои бмрў
روا مدار بترس آخر از خدا بمرو
Агар ба маслиҳат аз даст ман бихоҳӣ рафт
اگر به مصلحت از دستِ من بخواهی رفت
Ба рағми муддаӣон аз сари вафои бмрў
به رغمِ مدّعیان از سرِ وفا بمرو
Ҳар он ҷафо ки з бегона меравад бар ман
هر آن جفا که ز بیگانه می رود بر من
Равост гӯи зи дилами доғи ошнои бмрў
رواست گو ز دلم داغِ آشنا بمرو
Гар аз сар ту бирафт он ки дасти гират буд
گر از سرِ تو برفت آن که دست گیرت بود
Ту борӣ аз сари паймони нзорёи бмрў
تو باری از سرِ پیمان نزاریا بمرو