Меҳр моҳ омад биор эй моҳи мҳроФзоӣ май

مهر ماه آمد بیار ای ماهِ مهرافزای می

Аз раги ҷони суроҳе ҳар замон бигушоӣ май

از رگِ جانِ صراحی هر زمان بگشای می

Вои нигар каз даст рафтам ғамзае бар мо гумор

وا نگر کز دست رفتم غمزه ای بر ما گمار

Пештар каз пои даройам бар серуми паймоӣ май

پیش تر کز پا درآیم بر سرم پیمای می

Саҳар мутлақ мекунад табъи Масеҳи анфоси ман

سحرِ مطلق می کند طبعِ مسیح انفاسِ من

Ҳар чаҳ дар мағз прошўбм бигирад ҷой май

هر چه در مغزِ پرآشوبم بگیرد جای می

Даста ӣ гул ҳар киро аз боғ табъам орзӯаст

دسته ی گل هر که را از باغِ طبعم آرزوست

Бе тақозои гӯи марои ташриф май фармой май

بی تقاضا گو مرا تشریف می فرمای می

Бар фишонанд остини рақс то домони моҳ

بر فشانند آستینِ رقص تا دامانِ ماه

Гар наад дар маҳфили парҳезгорони пой май

گر نهد در محفلِ پرهیزگاران پای می

То бибинӣ хештанро чун дарандозад ба ҷом

تا ببینی خویشتن را چون دراندازد به جام

Имтиҳонӣ кун ба хуршеди фалаки паймоӣ май

امتحانی کن به خورشیدِ فلک پیمای می

Пел бо ӯ бас наёяд зон ки вақти имтиҳон

پیل با او بس نیاید زآن که وقتِ امتحان

Кӯдакӣ бар созад аз пери фалаки Фрсоӣ май

کودکی بر سازد از پیرِ فلک فرسای می

Ҷом бар кафи гир ва чун хами сина софӣ кун нахуст

جام بر کف گیر و چون خم سینه صافی کن نخست

То намояд бо ту ҷон дар ҷоми хӯни полоӣ май

تا نماید با تو جان در جامِ خون پالای می

Ҷом бе меҳеҷ нанамояд бидон каз ибтидо

جام بی می هیچ ننماید بدان کز ابتدا

наменамӯд аҳвол дар ҷоми ҷаҳони орой май

می نمود احوال در جامِ جهان آرای می

Ҳар нкт сиррӣаст каз ғайби омада инак бибин

هر نکت سرّیست کز غیب آمده اینک ببین

Май намояди мӯъҷиз аз табъи сухани пироӣ май

می نماید معجز از طبعِ سخن پیرای می

Вена на зон мебошад эй бобо ки ҳар кас ме хуранд

وین نه زآن می باشد ای بابا که هر کس می خورند

Аз нзорӣ боз пресс эй вой май эй вой май

از نزاری باز پرس ای وای می ای وای می