Ёрам бирафт ва аз ман дили хастаи бршкст
یارم برفت و از منِ دل خسته برشکست
Ёрии чунон дареғ ки бгзоштми зи даст
یاری چنان دریغ که بگذاشتم ز دست
Ҳайфаст дасти боз гирифтани зи меҳрбон
حیف است دست باز گرفتن ز مهربان
Хосса чаҳ меҳрбони бут хуш бош хуш нишаст
خاصه چه مهربان بتِ خوش باشِ خوش نشست
Як дами хаёл ӯ зи ду чашмам наме равад
یک دم خیالِ او ز دو چشمم نمی رود
Зеро тамоми мастам аз он чашми ним маст
زیرا تمام مستم از آن چشمِ نیم مست
Гар гӯямаш дамии зи назар рафта ҳаст нест
گر گویمش دمی ز نظر رفته هست نیست
Вргўим аз ғамаши дилам озурда нест ҳаст
ورگویم از غمش دلم آزرده نیست هست
Ҳам чун замини таҳаммули бор ғамаш кунам
هم چون زمین تحمّلِ بارِ غمش کنم
То осмон шавад ба қиёмат чу хоки паст
تا آسمان شود به قیامت چو خاک پست
Бар мо қиёмат омад ва бигузашту мунтазир
بر ما قیامت آمد و بگذشت و منتظر
Дерӣаст то ба мавъид хулдаст пои баст
دیریست تا به موعدِ خلدست پای بست
эй боз аз забони фалони гӯй бо фалон
ای باز از زبانِ فلان گوی با فلان
Гар ҳеҷ ёдат ояд аз суҳбати аласт
گر هیچ یادت آید از صحبتِ الست
Бози о ки дар фироқи ту зонҳо ки дида Эй
باز آ که در فراقِ تو زان ها که دیده ای
Шӯридатар шудаи сети нзорӣ май параст
شوریده تر شده ست نزاریِ می پرست
Варна ҷавоби даҳ ки ба мо дар сулӯки ишқ
ورنه جواب ده که به ما در سلوکِ عشق
Он кас расад ки куллӣ аз хештан бараст
آن کس رسد که کلّی از خویشتن برست