Шухӣ ки ошнои бксии ғайр мо набӯд

بینم اگر به جز تو زیانم بدیده باد

Бегона шуд чунонкии магар ошно набӯд

گویم اگر بجز تو زبانم بریده باد

Будам басони сояаш он рӯз дар қафо

گر جز به دام زلف تو گیرد دلم قرار

Кони рӯзи ғайри сояи касаш дар қафо набӯд

از دام جسم طایر روحم پریده باد

Ҳарҷо ки бинадам накунад лаҳзае қарор

بندم اگر به دلبر دیگر بجز تو دل

Бе ман қарораши он ки дамии ҳеҷ ҷо набӯд

خون دلم تمام ز مژگان چکیده باد

Шуд бевафо ба толеъи ман варна ёри ман

در سجده گر به پیش بتی جز تو خم شوم

То ёри ғайр буд чунин бевафо набӯд

در زیر بار هجر تو قدم خمیده باد

Ҷузи дарди ман ки ҳеҷ табибаш даво надошт

گر دامنت ز کف بگذارم به زندگی

Дард дигар набӯд ки ӯро даво набӯд

از دست مرگ حبیب حیاتم دریده باد

Беморӣ фироқ насанҷиду дарди рашк

باشد اگر نه خرمیش از غمت دلم

Айюб дар бало ки манам мубтало набӯд

از خرمی رمیده به غم آرمیده باد

Рафт аз дараш рафиқи зи бедоди ғайру ёр

پوشم ز سیب غبغب او چشم اگر رفیق

Дар кӯй ман нагуфт касе буд ё набӯд

چون نار دل مرا به کف غم کفیده باد