эй пардаи пӯши маъсияти осӣони тамом
ای پرده پوش معصیت عاصیان تمام
Бар даргаи ту дидаи умеди хосу ом
بر درگه تو دیده امید خاص و عام
Кори ту афву бахшишу анъоми рӯзу шаб
کار تو عفو و بخشش و انعام روز و شب
Шуғли ту фазлу раҳмату икроми субҳу шом
شغل تو فضل و رحمت و اکرام صبح و شام
Ҷуз маъсият накарда ва хоҳам зи ту биҳишт
جز معصیت نکرده و خواهم ز تو بهشت
эй хок бар сари ман ва ин орзӯии хом
ای خاک بر سر من و این آرزوی خام
ё сотролъиўб ва ё ғоФролзнўб
یا ساترالعیوب و یا غافرالذنوب
ё холиқи алъбод ва ё боиси алоном
یا خالقالعباد و یا باعثالانام
Аншотнӣ ба Фзлк ё муншии алнФўс
انشاتنی به فضلک یا منشیالنفوس
Аҳиитнии бснък ё муҳибии алъзом
احییتنی بصنعک یا محبیالعظام
Розӣ машав ба шуъла нирон шавам муқӣм
راضی مشو به شعله نیران شوم مقیم
ё дар миёни оташ сӯзон кунам мақом
یا در میان آتش سوزان کنم مقام
Созӣ агар тараҳҳуму дроФкнии назар
سازی اگر ترحم و درافکنی نظر
Ба хатм шавад мусоид ва корам шавад ба ком
به ختم شود مساعد و کارم شود به کام
ё раби баҳори умру ҷавонӣ тамом шуд
یا رب بهار عمر و جوانی تمام شد
Хуршеди умри сохтаи манзил ба кунҷи бом
خورشید عمر ساخته منزل به کنج بام
Умрӣаст то кашокаши нафас ӯ фиканда аст
عمریست تا کشاکش نفس او فکنده است
Мурғи итоати ман гмгштаҳро ба дом
مرغ اطاعت من گمگشته را به دام
Аз мо ки ғайри ҷурму хато сар наме занад
از ما که غیر جرم و خطا سر نمیزند
Гирам ки созад аз ин бештари давом
گیرم که سازد از این بیشتر دوام
Анъоми оми ту магари охир бадал кунад
انعام عام تو مگر آخر بدل کند
Ин ҷурми мо ба тоъат ва ин нанги мо ба ном
این جرم ما به طاعت و این ننگ ما به نام
Варна ҳамин хиҷолат аъмол ме кунад
ورنه همین خجالت اعمال میکند
Боғи биҳишту малики ҷаҳонро ба мо ҳаром
باغ بهشت و ملک جهان را به ما حرام
Бурдорӣ ар ҳиҷоби зи афъоли зишти мо
بَرداری ار حجاب ز افعال زشت ما
ёоварӣ ба карда мо дасти интиқом
یا آوری به کرده ما دست انتقام
Он кас ки пардаи пӯши гуноҳон буд куҷост
آن کس که پردهپوش گناهان بود کجاست
ё онкӣ аз азоб ту бахшад амони кадом
یا آنکه از عذاب تو بخشد امان کدام
ё раб ба ҳақи ҷумлаи хосони даргаат
یا رب به حق جمله خاصان درگهت
ё раб ба ҳақи рутбаи пайғамбару эмом
یا رب به حق رتبه پیغمبر و امام
Аввал ба лавҳ карда ( сомит ) бикаш қалам
اول به لوح کرده (صامت) بکش قلم
Вонгаҳ намой манзил ӯ водии ассалом
وانگه نمای منزل او وادی السلام