Аз срӣ то ба авҷи чархи асир
از ثَری تا به اوج چرخ اثیر
Ҳама мирандаанд дуну амир
همه میرندهاند دون و امیر
Чаҳ ҳадисаст мейр ҳам мерад
چه حدیث است میر هم میرد
Зонка ҷисмаст марги бипазирад
زانکه جسمست مرگ بپذیرد
Чакании саргузашти таррорӣ
چکنی سرگذشت طرّاری
Саргузашти аҷали шинави борӣ
سرگذشت اجل شنو باری
То бигӯед чигуна созами чоҳ
تا بگوید چگونه سازم چاه
То бигӯед чигуна сӯзами шоҳ
تا بگوید چگونه سوزم شاه
То бигӯед ба ғофилу кару кӯр
تا بگوید به غافل و کر و کور
Ба ки додам з ки астдми зару зӯр
به که دادم ز که استدم زر و زور
То бигӯед ки гарданонро ман
تا بگوید که گردنان را من
Чун шикастам ба сарварии гардан
چون شکستم به سروری گردن
То бигӯед чаҳ тохтам бар тахт
تا بگوید چه تاختم بر تخت
То бигӯед чаҳ бохатм бо бахт
تا بگوید چه باختم با بخت
Бахти худ аз чаҳ сон нигун кардам
بخت خود از چهسان نگون کردم
Тахти ин аз ки пари з хӯн кардам
تخت این از که پُر ز خون کردم
Чаҳ нах ва бехҳо бикунадами ман
چه نخ و بیخها بکندم من
Чаҳ шх ва шохҳо фикандам ман
چه شخ و شاخها فکندم من
Нафаси инро накол чун кардам
نفس این را نکال چون کردم
Бадари онрои ҳилол чун кардам
بدر آنرا هلال چون کردم
Хусравонро чигуна кардам маст
خسروان را چگونه کردم مست
Қасри шоҳон чигуна кардам паст
قصر شاهان چگونه کردم پست