Гуфтанд моҳу хур ки чу пайдо шуд он нигор
گفتند ماه و خور که چو پیدا شد آن نگار
Мо дар ҳинои азли гирифтеми дасти кор
ما در حنای عزل گرفتیم دست کار
Дар чашм ҳимматаст хаёли ту чун арӯс
در چشم همتست خیال تو چون عروس
Бар даст қудратаст ҷамоли ту чун нигор
بر دست قدرتست جمال تو چون نگار
Гар хонда буд булбули лҳони табъи ман
گر خوانده بود بلبل لَّحانِ طبع من
Лафзи ҳадиси васфи ту чандини ҳазор бор
لفظ حدیث وصف تو چندین هزار بار
Аз нуқтаҳои холи ту аъроб рост кард
از نقطه های خال تو اِعراب راست کرد
Наҳвии нотиқа чу хатат дид бар изор
نحویّ ناطقه چو خطت دید بر عذار
Аз пушти ақли болиғ каз боғ шаръ ҳаст
از پشت عقل بالغ کز باغ شرع هست
Чун шох ба зи олами таклифи бордор
چون شاخ به ز عالم تکلیف باردار
То сӯратии пазиради зебои бўсФи ту
تا صورتی پذیرد زیبا بوصف تو
Маънии бикри ҷумлаи шиками гашт чун анор
معنی بکر جمله شکم گشت چون انار
Аз ишқи чеҳраи ту чу зари зарди гашти гул
از عشق چهرهٔ تو چو زر زرد گشت گل
Вази шарми оризи ту чу гул сурх шуд баҳор
وز شرم عارض تو چو گل سرخ شد بهار
Гар боди хоки кӯии ту сӯии чамани барад
گر باد خاک کوی تو سوی چمن برد
Бар сафҳаҳои гули хат райҳон шавад ғубор
بر صفحه های گل خط ریحان شود غبار
Бӯса ки ёбад аз лаб чун ангабини ту ?
بوسه که یابد از لب چون انگبین تو؟
Каз исматаст лаъли ту чун муми меҳрдор
کز عصمت است لعل تو چون موم مهردار
Дар роҳи гулистони рахти зери пои дил
در راه گلستان رخت زیر پای دل
Сар тез кардаанд мавонеъи басони хор
سر تیز کرده اند موانع بسان خار
Марӣаст ҳиҷру муҳраи матлӯби васли азу
ماریست هجر و مهرهٔ مطلوب وصل ازو
Аз дидаи умед ниҳон гашта ганҷи вор
از دیدهٔ امید نهان گشته گنج وار
Бечораи заҳри хӯрдаи тирёки ҷӯй ро
بیچاره زهر خوردهٔ تریاک جوی را
Саъбаст муҳра кард бурун аз даҳони мор
صعب است مهره کرد برون از دهان مار
эй бахт сар кашида бунаи пой дар миён
ای بخت سر کشیده بنه پای در میان
То ман ббоғи васли зи гул пар кунам канор
تا من بباغ وصل ز گل پر کنم کنار
То қатраи саҳоби ғамат дар дилам чакид
تا قطرهٔ سحاب غمت در دلم چکید
Чашмами зи ашки ҳомил дар шуд чу гӯшвор
چشمم ز اشک حامل در شد چو گوشوار
Аз бас ки гирди кӯии ту будем то бсбҳ
از بس که گرد کوی تو بودیم تا بصبح
Аз баҳри рӯзи васли ту шабҳо дар интизор
از بهر روز وصل تو شبها در انتظار
Сӯзии фитода дар дил ва бар рухи фишондаи ашк
سوزی فتاده در دل و بر رخ فشانده اشک
Оташи ниҳода бар сар ва чун шамъи пойдор
آتش نهاده بر سر و چون شمع پایدار
Зони оташӣ ки кардае андари танури дил
زآن آتشی که کرده ای اندر تنور دل
Тарсам ки бо дамами бглў пар шавад шарор
ترسم که با دمم بگلو پر شود شرار
Даъвӣ ишқ кардам ва огаҳ набӯд аз он
دعوی عشق کردم و آگه نبود از آن
Кин лафз андакасту мъониш бе шумор
کین لفظ اندکست و معانیش بی شمار
Вена истилоҳ бошад аз он сон ки андалеб
وین اصطلاح باشد از آن سان که عندلیب
Гарчи яке буд луғавӣ хондаш ҳазор
گرچه یکی بود لغوی خواندش هزار
Мо аз куҷоу давлати ишқи ту аз куҷо
ما از کجا و دولت عشق تو از کجا
Ҳаргизи магас ки дид ки анқо кунад шикор
هرگز مگس که دید که عنقا کند شکار
Ман аз хавоси ишқи чгўими сухан ки ҳаст
من از خواص عشق چگویم سخن که هست
Асрор ӯ наҳуфтау осораши ошкор
اسرار او نهفته و آثارش آشکار
Онҷо ки ишқи салтанат худ кунад падед
آنجا که عشق سلطنت خود کند پدید
Неи шаръ ҳукм дораду неи ақли эътибор
نی شرع حکم دارد و نی عقل اعتبار
Ишқат чу пои бастаи худро расан занад
عشقت چو پای بستهٔ خود را رسن زند
Ҳаллоҷ шуд бъолми болои зи зери дор
حلاج شد بعالم بالا ز زیر دار
Васли ту хостами бдъои иззат ту гуфт
وصل تو خواستم بدعا عزت تو گفت
Давлат биҷаҳад нест чу меҳнати бохтёр
دولت بجهد نیست چو محنت باختیار
Ҳайҳоти сайфи теғи сухан дар ниёам кун
هیهات سیف تیغ سخن در نیام کن
ё рояти каломи брнгӣ дигар барор
یا رایت کلام برنگی دگر برآر
Ҳамчун сари шутури сӯии боло чаҳ май рӯй
همچون سر شتر سوی بالا چه می روی
Икдми басӯии зери каши ин ноқаро маҳор
یکدم بسوی زیر کش این ناقه را مهار
Гарчи зи ишқи мураккаби ту тозӣона хӯрд
گرچه ز عشق مرکب تو تازیانه خورد
Ин роҳ мушкиласт Аннани даракаш эй савор
این راه مشکلست عنان درکش ای سوار
Қонӯни шеъру маънии бикри ту нзҳаҳи иист
قانون شعر و معنی بکر تو نزهه ییست
Хуши нағма чун бришми борӣки ҳамчуи тор
خوش نغمه چون بریشم باریک همچو تار
Гӯяндагони вақти азин парда хориҷанд
گویندگان وقت ازین پرده خارجند
Оҳанги арғунуни сухани тези брмдор
آهنگ ارغنون سخن تیز برمدار
Рӯи фазли он китоб кун ин фазлро ки нест
رو فضل آن کتاب کن این فضل را که نیست
Дилсӯзтар зи қиссаи васлу фироқи ёр
دلسوزتر ز قصهٔ وصل و فراق یار
Вонгаҳи бадасти лутфи бтзмини ин ду байт
وآنگه بدست لطف بتضمین این دو بیت
Дар силки назми ин шабаҳи каш дар шоҳвор
در سلک نظم این شبه کش در شاهوار
Ту гӯшмоли хӯрдаи ҳиҷрон чу барбатӣ
تو گوشمال خوردهٔ هجران چو بربطی
Монанди чанги нолаи баровар чу зери зор
مانند چنگ ناله برآور چو زیر زار
К-эии васли ногузири ту бардаи зи ман шикеб
کای وصل ناگزیر تو برده ز من شکیب
Ваии ҳиҷри пурқарори ту бардаи зи ман қарор
وی هجر پرقرار تو برده ز من قرار
Гар як нафаси фироқи ту андеша кардамӣ
گر یک نفس فراق تو اندیشه کردمی
Гаштии зи бими ҳиҷри дилу ҷони ман фигор
گشتی ز بیم هجر دل و جان من فگار
Акнӯн ту даврӣ аз ман ва ман бе ту зинда ам
اکنون تو دوری از من و من بی تو زنده ام
Схто ки одамӣаст дар эҳдоси рӯзгор
سختا که آدمیست در احداث روزگار