Дарди ту ҷони ман ба ҷузи ин тан наме кашад

درد تو جان من به جز این تن نمی‌کشد

Ин бахяи ғайри ришта ва сӯзан наме кашад

این بخیه غیر رشته و سوزن نمی‌کشد

Дилро агар чаҳ назд рақибон буд даво

دل را اگر چه نزد رقیبان بود دوا

Созад ба дарду миннат душман наме кашад

سازد به درد و منت دشمن نمی‌کشد

Бе сарви қаду сабзаи хату гули рахт

بی‌سرو قد و سبزه خط و گل رخت

Дили сӯии боғи равза ризвон наме кашад

دل سوی باغ روضهٔ رضوان نمی‌کشد

Рӯй ту офтоб ва ба ҳарҷо кашид теғ

روی تو آفتاب و به هرجا کشید تیغ

Ман сӯхтами зи ҳасрат ва бар ман наме кашад

من سوختم ز حسرت و بر من نمی‌کشد

То шоҳидӣ ба дида дил дид рӯй ёр

تا شاهدی به دیدهٔ دل دید روی یار

Миннат дигар зи дида равшан наме кашад

منت دگر ز دیدهٔ روشن نمی‌کشد