Фурӯзони кавкаби бурҷи саодат

فروزان کوکب برج سعادت

Алии бег , он ҷаҳони ъзу тамкин

علی بیگ، آن جهان عز و تمکین

Ҷавонмардӣ ки , дар гулзори ҷўдш

جوانمردی که، در گلزار جودش

Набинад хори миннат , дасти гулчин

نبیند خار منت، دست گلچین

з рӯй гарм ӯ чун меҳри тобон

ز روی گرم او چون مهر تابان

Буд гулзори ҳасани халқи рангин

بود گلزار حسن خلق رنگین

Науфтад ёрб аз боди малолӣ

نیفتد یارب از باد ملالی

Чу оби гавҳар , ӯро бар ҷабини чин

چو آب گوهر، او را بر جبین چین

Баҳамати хуррами ободӣ банно кард

بهمت خرم آبادی بنا کرد

Каз он гардид хуррами малики Қазвӣн

کز آن گردید خرم ملک قزوین

Чунон казуӣ шуд ин вайронаи маъмур

چنان کزوی شد این ویرانه معمور

Аз он маъмури бодаши кишвари дайн

از آن معمور بادش کشور دین

На танҳо ҳимматаш , таъмир гул кард

نه تنها همتش، تعمیر گل کرد

Ки ҳам таъмир дилҳо ҳасташ ойин

که هم تعمیر دلها هستش آیین

Дар он доно наад чун пой гуяд

در آن دانا نهد چون پای گوید

Ба таърихаш ки : « ҳқо ҷинатаст ин »

به تاریخش که:«حقا جنت است این »