Фотиҳае чу омадӣ , бар сари хаста Эй бихон
فاتحهای چو آمَدی بَر سَر خَستهای بخوان
Лаб бигушо ки медиҳад , лаъли лабат ба мурдаи ҷон
لَب بُگُشا که میدَهَد لَعلِ لَبَت به مُرده جان
Он ки ба пурсиш омад ва , фотиҳа хонд ва ме равад
آن که به پُرسش آمَد و فاتحه خواند و میرَوَد
Гӯи нафасӣ ки рӯҳро , мекунам аз пеши равон
گو نَفَسی که روح را میکُنَم از پِیَش رَوان
эй ки табиби хастае , рӯй забон ман бибин
ای که طَبیبِ خَستهای، رویِ زَبان مَن بِبین
Кин даму дӯд синаам , бор диласт бар забон
کـاین دَم و دودِ سینهام، بارِ دل اَست بَر زَبان
Гарчи таби устихони ман , кард зи меҳри гарм ва рафт
گرچه تَبْ اُستُخوانِ مَن کرد زِ مِهرْ گرم و رَفت
Ҳамчу табам намеравад , оташи меҳр аз устихон
همچو تَبَم نمیرَوَد آتشِ مِهر از اُستُخوان
Ҳоли дилами зи холи ту , ҳаст дар оташаши ватан
حالِ دِلَم زِ خالِ تو هَست دَر آتَشَش وَطن
Чашмам аз он ду чашми ту , хаста шудаи сету нотавон
چَشمم از آن دو چَشمِ تو خسته شُدهست و ناتَوان
Бозншони ҳароратам , зи оби ду дида ва бибин
بازنِشانْ حَرارَتَم ز آبِ دو دیده و ببین
Набзи маро ки медиҳад , ҳеҷ зи зиндагии нишон
نَبضِ مَرا که میدَهَد هیچ زِ زندگی نِشان
Он ки мудом шишаам , аз пай айш дода аст
آن که مُدام شیشهام از پِی عیش داده اَست
Шишаам аз чаҳ май барад , пеши табиб ҳар замон ?
شیشهام از چه میبَرَد پیشِ طَبیبْ هَر زَمان؟
Ҳофиз аз оби зиндагӣ , шеър ту дод шарбатам
حافظ از آبِ زندگی شعرِ تو داد شَربَتَم
Тарк табиб кун биё , нусха шарбатам бихон
تَرکِ طَبیب کُن بیا نُسخهٔ شَربَتَم بِخوان