Рўзгорист ки моро нигарон май дорӣ
روزگاریست که ما را نگران میداری
Мухлисонро на ба вазъи дгарон май дорӣ
مخلصان را نه به وضع دگران میداری
Гӯшаи чашми ризоӣ ба миннат боз нашуд
گوشهٔ چشمِ رضایی به مَنَتْ باز نشد
Ин чунин иззати соҳиби назарон май дорӣ
این چنین عزت صاحبنظران میداری
Соиди он ба ки бапушӣ ту чу аз баҳр нигор
ساعد آن به که بپوشی تو چو از بهرِ نگار
Даст дар хӯни дили прҳнрон май дорӣ
دست در خونِ دلِ پُرهنران میداری
На гул аз даст ғамат раст ва на булбул дар боғ
نه گل از دستِ غمت رست و نه بلبل در باغ
Ҳамаро наъраи занони ҷома дарон май дорӣ
همه را نعرهزنان جامهدران میداری
эй ки дар далқи муламмаъи талабии нақди ҳузур
ای که در دلقِ مُلَمَّع طلبی نقد حضور
Чашми сиррии аҷаб аз бехабарон май дорӣ
چشم سری عجب از بیخبران میداری
Чун туе наргиси боғи назар эй чашму чароғ
چون تویی نرگسِ باغ نظر ای چشم و چراغ
Сар чаро бар ман дили хастаи гарон май дорӣ
سر چرا بر من دلخسته گران میداری؟
Гавҳари ҷоми ҷам аз кони ҷаҳонӣ дигар аст
گوهر جامجم از کانِ جهانی دگر است
Ту таманнои зи гули кӯзаи гарон май дорӣ
تو تمنّا ز گِلِ کوزهگران میداری
Падари таҷрибае дили туе охири з чаҳ рӯй
پدر تجربه ای دل تویی آخر ز چه روی
Тамаъи меҳру вафои зини писарон май дорӣ
طمع مهر و وفا زین پسران میداری؟
Кӣсаи симу зарати пок бибояд пардохт
کیسهٔ سیم و زرت پاک بباید پرداخت
Ин тамаъҳо ки ту аз сим барон май дорӣ
این طمعها که تو از سیمبران میداری
Гарчи риндӣу харобии гунаҳи мост вале
گر چه رندیّ و خرابیّ گنهِ ماست، ولی
Ошиқӣ гуфт ки ту банда бар он май дорӣ
عاشقی گفت که تو بنده بر آن میداری
Магзарон рӯзи саломат ба маломати ҳофиз
مگذران روزِ سلامت به ملامت حافظ
Чаҳ таваққуъи зи ҷаҳони гузарон май дорӣ
چه توقع ز جهانِ گذران میداری؟