Омад баҳор эй дӯстони манзил ба срўстон кунем
آمد بهار ای دوستان، منزل به سروستان کنیم
То бахт дар рӯи хуфтаро чун бахти сарв устон кунем
تا بختِ در رو خفته را، چون بخت سروْ اِستان کنیم
Ҳамчун ғарибони чаман бепо равон гашта ба фан
همچون غریبان چمن بیپا روان گشته به فن
Ҳам бастаи пои ҳам гоми зани азм ғрибстон кунем
هم بسته پا هم گام زن عزم غریبستان کنیم
Ҷонӣ ки раст аз хокдони номаш равон омад равон
جانی که رست از خاکدان نامش روان آمد روان
Мо ҷони зонўбстаҳро ҳам манзил эшон кунем
ما جان زانوبسته را هم منزل ایشان کنیم
эй барг қӯт ёфтӣ то шохро бшикофтӣ
ای برگ، قوّت یافتی تا شاخ را بشکافتی
Чун рстӣ аз зиндон бигӯ то мо дар ин ҳабс он кунем
چون رستی از زندان؟ بگو تا ما در این حبس آن کنیم
эй сарв бар сарвар задӣ то аз замини сари варзадӣ
ای سرو، بر سرور زدی تا از زمین سر ورزدی
Сар дар чаҳ сайри омухтат то мо дар он сайрон кунем
سرور چه سیر آموختت؟ تا ما در آن سیران کنیم
эй ғунча гулгун омадӣ вази хеш берун омадӣ
ای غنچه، گلگون آمدی، وز خویش بیرون آمدی
Бо мо бигӯ чун омадӣ то мо зи худ хезон кунем
با ما بگو چون آمدی؟ تا ما ز خود خیزان کنیم
Он ранги ъбҳр аз куҷо ваон буии анбар аз куҷо
آن رنگ عبهر از کجا؟ وان بوی عنبر از کجا؟
Венаи хонаро дар аз куҷо то хизмат дарбон кунем
وین خانه را در از کجا؟ تا خدمت دربان کنیم
эй булбул омад дод ту ман бандаи фарёди ту
ای بلبل آمد داد تو، من بندهٔ فریاد تو
Ту шоди гули мо шоди ту кӣ шукри ин эҳсон кунем
تو شاد گل، ما شاد تو، کی شکر این احسان کنیم؟!
эй сабзпушон чун Хизр эй ғайбҳо гӯйон ба сар
ای سبزپوشان چون خضر، ای غیبها گویان به سر
То ҳалқаи гӯш аз шумо пар дар ва пурмарҷон кунем
تا حلقهٔ گوش از شما، پُر دُرّ و پُرمرجان کنیم
Бишинав зи гулшани розҳо беҳарф ва бе овозҳо
بشنو ز گلشن رازها، بیحرف و بیآوازها
Барсохт булбули созҳогар фаҳми он дастон кунем
برساخت بلبل سازها، گر فهم آن دستان کنیم
Овози қамарӣ то қамари бррФту тӯтӣ бар шукр
آواز قمری تا قمر بررفت و طوطی بر شکر
намеоварад алҳонтар ҷони масти он алҳон кунем
میآورد الحانتر، جان مست آن الحان کنیم