Ман хуфтаи вшм аммо баси огаҳу бедорам
من خفته وشم اما بس آگه و بیدارم
Ҳар чанд ки беҳушам дар кори ту ҳушёрам
هر چند که بیهوشم در کار تو هشیارم
Бо шираи Фшоронти андари чрши ишқам
با شیره فشارانت اندر چرش عشقم
Пой аз паии он кӯбами конгўри ту Афшорам
پای از پی آن کوبم کانگور تو افشارم
Ту пои ҳамеи бинӣу ангур наме бинӣ
تو پای همیبینی و انگور نمیبینی
Бустони қадаҳӣ шира дарёб ки ассорам
بستان قدحی شیره دریاب که عصارم
Андари чрши ҷони огар пои ҳамеи кӯбӣ
اندر چرش جان آ گر پای همیکوبی
То ғӯта хӯрам як дам дар шира бисёрам
تا غوطه خورم یک دم در شیره بسیارم
Зин бода нагардад сари зини шираи ншўрди дил
زین باده نگردد سر زین شیره نشورد دل
Ҳин чошнӣии бустони зини бода ки ман дорам
هین چاشنیی بستان زین باده که من دارم
Зини бода ки дории ту пайвастаи хумории ту
زین باده که داری تو پیوسته خماری تو
Донам ки чаҳ дории ту дар рӯат наме орм
دانم که چه داری تو در روت نمیآرم
Домӣ ки дарафтодӣ бингар сӯии доми афкан
دامی که درافتادی بنگر سوی دام افکن
То нозир ҳақ бошӣ эй мурғи гирифторам
تا ناظر حق باشی ای مرغ گرفتارم
Дом ар так чаҳ бошад фирдавс кунад ҳақаш
دام ار تک چه باشد فردوس کند حقش
Вари хор хск бошад ҳақ созад гулзорам
ور خار خسک باشد حق سازد گلزارم
Он дам ки ба чоҳ омад Юсуф хабараш омад
آن دم که به چاه آمد یوسف خبرش آمد
Ки кор ту месозад эй хастаи беморам
که کار تو می سازد ای خسته بیمارم
Доруии ту май кӯбами харгоҳи ту май рўбм
داروی تو می کوبم خرگاه تو می روبم
Аз зиди зидаши ангезами ман қодиру қаҳҳорам
از ضد ضدش انگیزم من قادر و قهارم
Гӯям ба ҳаҷари ҳӣ шӯ гӯям ба адами шийъи шӯ
گویم به حجر حی شو گویم به عدم شیء شو
Гӯям ба чамани даии шӯи дории аҷаби иқрорам
گویم به چمن دی شو داری عجب اقرارم
Шамс алҳақ табризии ту равшании рӯзӣ
شمس الحق تبریزی تو روشنی روزی
Ва андари паии рӯзи ту ман чун шаби сайёрам
و اندر پی روز تو من چون شب سیارم