Куҷо шуд аҳду паймонӣ ки мекардӣ наме гӯйӣ

کجا شد عهد و پیمانی که می‌کردی نمی‌گویی

Касеро кӯ ба ҷону дили туро ҷӯяд наме ҷӯӣ

کسی را کو به جان و دل تو را جوید نمی‌جویی

Дили афкорӣ ки рӯй худ ба хӯн дида ме шавед

دل افکاری که روی خود به خون دیده می‌شوید

Чаро аз вай наме дории ду дасти худ наме шӯе

چرا از وی نمی‌داری دو دست خود نمی‌شویی

Мисоли тир мижгонат шудам ман рости як сонат

مثال تیر مژگانت شدم من راست یک سانت

Чаро эй чашми бахти ман ту бо ман каж чу абрӯе

چرا ای چشم بخت من تو با من کژ چو ابرویی

Чаҳ бо лиззати ҷФокорӣ ки мебикашӣ бад-ӣни зорӣ

چه با لذت جفاکاری که می‌بکشی بدین زاری

Пас онгаҳ ошиқи куштаи туро гуяд чу хуши хуӣ

پس آنگه عاشق کشته تو را گوید چه خوش خویی

зи шерони ҷумлаи оҳӯён гурезон дидаму пӯён

ز شیران جمله آهویان گریزان دیدم و پویان

Дило ҷӯёии он ширӣ худо донад чаҳ оҳӯе

دلا جویای آن شیری خدا داند چه آهویی

Дило гарчи нзории ту муқӣми кӯии ёрии ту

دلا گرچه نزاری تو مقیم کوی یاری تو

Маро бас шуд зи ҷону тани туро мужда каз он кӯе

مرا بس شد ز جان و تن تو را مژده کز آن کویی

Ба пеши шоҳи хуш май ду гуҳии болоу гуҳ дар гӯ

به پیش شاه خوش می‌دو گهی بالا و گه در گو

Аз ӯ зарбати зи ту хизмат ки ӯ чавгон ва ту гӯйӣ

از او ضربت ز تو خدمت که او چوگان و تو گویی

Дило ҷустем сартосар надидам дар ту ҷузи дилбар

دلا جستیم سرتاسر ندیدم در تو جز دلبر

Махон эй дили марои кофар агар гӯям ки ту ӯе

مخوان ای دل مرا کافر اگر گویم که تو اویی

Ғуломи бихўдии зи онам ки андари бихўдии онам

غلام بیخودی ز آنم که اندر بیخودی آنم

Чу бозоим ба сӯии худ ман ин сӯем ту он сӯе

چو بازآیم به سوی خود من این سویم تو آن سویی

Хамаш кун каз маломат ӯ бидон монад ки ме гуяд

خمش کن کز ملامت او بدان ماند که می‌گوید

Забон ту намедонам ки ман тарками ту ҳиндӯе

زبان تو نمی‌دانم که من ترکم تو هندویی

Хониш
ғзл шморҳ 2553 — ъндлӣб