Омадаам ки то ба худ гӯши кашони кшонмт
آمدهام که تا به خود گوش کِشان کِشانمت
Бедил ва бехудат кунам дар дилу ҷони ншонмт
بیدل و بیخودت کنم در دل و جان نِشانمت
Омадаам баҳори хуши пеши ту эй дарахти гул
آمدهام بهارِ خوش پیشِ تو ای درختِ گل
То ки канори гирмти хуши хуш ва май Фшонмт
تا که کنار گیرمت، خوش خوش و میفِشانمت
Омадаам ки то туро ҷилваи даҳум дар ин саро
آمدهام که تا تو را جلوه دَهَم در این سَرا
Ҳамчуи дуои ошиқони фавқи фалаки рсонмт
همچو دعای عاشقان فوقِ فلک رِسانمت
Омадаам ки бӯсае аз санамии рабӯда Эй
آمدهام که بوسهای از صَنَمی ربودهای
Бозубда ба хўшдлии хоҷа ки востонмт
بازبده به خوشدلی خواجه که واسِتانمت
Гул чаҳ буд ки гули тӯии нотиқи амри қул тӯй
گُل چه بُوَد که کُل تویی ناطقِ اَمرِ قُل تویی
Гар дгарии ндондт чун ту манӣ бдонмт
گَر دِگرَی نَداندَت چون تو مَنی بِدانمت
Ҷону равони ман тӯй фотиҳа хон ман тӯй
جان و رَوانِ مَن تویی فاتحه خوانِ مَن تویی
Фотиҳаи шӯи ту як сиррӣ то ки ба дили бхўонмт
فاتحه شو تو یِک سَری تا که به دِل بِخوانمت
Сайди манӣ шикори ман гарчи зи доми ҷуста Эй
صیدِ منی شکارِ من گَرچه ز دام جَستهای
Ҷониби доми бозрў вар нарӯй бронмт
جانبِ دام باز رو وَر نَروی بِرانمت
Шер бигуфт мари марои нодарра оҳӯӣ бирав
شیر بِگفت مَر مَرا نادره آهوی برو
Дар паии ман чаҳ май дуӣ тез ки брдронмт
در پیِ مَن چه میدَوی تیز که بَردَرانمت
Захмпазиру пеши рӯ чун сипари шуҷоатӣ
زخم پَذیر و پیش رو چون سپرِ شُجاعَتی
Гӯш ба ғайри зиҳи мада то чу камони хмонмт
گوش به غیر زِه مَده تا چو کَمان خَمانمت
Аз ҳади хок то башар чанд ҳазор манзиласт
از حدِ خاک تا بَشر چَند هزار مَنزلست
Шаҳр ба шаҳри брдмт бар сари раҳи нмонмт
شهر به شهر بُردمت بر سَرِ رَه نَمانمت
Ҳеҷ магӯ ва каф макун сар магушоӣ дег ро
هیچ مَگو و کَف مَکُن سَر مَگُشای دیگ را
Нек Биҷӯш ва сабр кун зонк ҳамеи пзонмт
نیک بجوش و صَبر کُن زانکِ هَمی پَزانمت
Не ки ту ширзодае дар тани оҳӯии ниҳон
نی که تو شیرزادهای دَر تَنِ آهوی نَهان
Ман зи ҳиҷоби оҳӯии як раҳаи бгзронмт
مَن ز حِجاب آهوی یک رَهه بُگذرانمت
Гӯии манӣ ва май дуӣ дар чавгони ҳукми ман
گوی مَنی و میدَوی دَر چوگانِ حُکمِ مَن
Дар паии ту ҳамеи дувум гарчи ки май дўонмт
در پی تو هَمی دَوَم گرچه که میدَوانمت