Машку анбаргар зи машки зулфи ёрам бӯ кунад
مشک و عنبر گر ز مشک زلف یارم بو کند
Буии худро воҳлд дар ҳолу зулфаш бӯ кунад
بوی خود را واهلد در حال و زلفش بو کند
Кофару муъмингар аз хуии хушаш воқиф шаванд
کافر و مؤمن گر از خوی خوشش واقف شوند
Хуйро худ вокнд дар ҳайну ху бо ӯ кунад
خوی را خود واکند در حین و خو با او کند
Офтобии ногаҳон аз рӯй ӯ тобон шавад
آفتابی ناگهان از روی او تابان شود
Прдҳоро брдрди венаи корро як сӯ кунад
پردها را بردرد وین کار را یک سو کند
Чанги танҳоро ба дасти рӯҳҳо зон дод ҳақ
چنگ تنها را به دست روحها زان داد حق
То баёни сари ҳақи лоязолӣ ӯ кунад
تا بیان سر حق لایزالی او کند
Торҳои хашму ишқу ҳақад ва ҳоҷат ме занад
تارهای خشم و عشق و حقد و حاجت میزند
То з ҳар як бонги дигар дар ҳаводис рӯ кунад
تا ز هر یک بانگ دیگر در حوادث رو کند
Шод бо чанги танӣ каз дасти ҷони ҳақи бстдш
شاد با چنگ تنی کز دست جان حق بستدش
Бар канори худ ниҳоду сози онро ҳў кунад
بر کنار خود نهاد و ساز آن را هو کند
Авестоади чангҳо он чанг бошад дар ҷаҳон
اوستاد چنگها آن چنگ باشد در جهان
Вои он чангӣ ки бо он чанги ҳақ паҳлу кунад
وای آن چنگی که با آن چنگ حق پهلو کند
Бози ҳам дар чанги ҳақи тористи баси пинҳону хуш
باز هم در چنگ حق تاریست بس پنهان و خوش
Кӯ ба ногуҳи васфи он ду наргис ҷодӯ кунад
کو به ناگه وصف آن دو نرگس جادو کند
Наргисони масти шамси аддӣни табризӣ ки ҳаст
نرگسان مست شمس الدین تبریزی که هست
Чашми оҳӯ то шикори шери он оҳӯ кунад
چشم آهو تا شکار شیر آن آهو کند