Чашмами ҳамеи пурди магари он ёр ме расад
چشمم همیپرد مگر آن یار میرسد
Дил май ҷаҳди нишона ки дилдор ме расад
دل میجهد نشانه که دلدار میرسد
Ин ҳудҳуд аз сипоҳи сулаймони ҳамеи пурд
این هدهد از سپاه سلیمان همیپرد
Венаи булбул аз навоҳӣ гулзор ме расад
وین بلبل از نواحی گلزار میرسد
Ҷомии бихар ба ҷонии вар зонк муфлисӣ
جامی بخر به جانی ور زانک مفلسی
Бифурӯш хешро ки харидор ме расад
بفروش خویش را که خریدار میرسد
Он гӯши интизори хабар нӯш ме кунад
آن گوش انتظار خبر نوش میکند
Ваон чашми ашкбор ба дидор ме расад
وان چشم اشکبار به دیدار میرسد
Он дил ки пора пора шуду пораҳоаш хӯн
آن دل که پاره پاره شد و پارههاش خون
Он пораи пораи рафта ба як бор ме расад
آن پاره پاره رفته به یک بار میرسد
Қад чу чангро ки дилаши тор тор шуд
قد چو چنگ را که دلش تار تار شد
Нак захмаи нишот ба ҳар тор ме расад
نک زخمه نشاط به هر تار میرسد
Он хорхори боғу тақозоаш рад нашуд
آن خارخار باغ و تقاضاش رد نشد
Гулҳои хуши изори сӯй хор ме расад
گلهای خوش عذار سوی خار میرسد
Он зинҳор гуфтани ошиқ тиҳӣ набӯд
آن زینهار گفتن عاشق تهی نبود
Инак сипоҳи васл ба зинҳор ме расад
اینک سپاه وصل به زنهار میرسد
Нак тӯтӣон ишқ кушоданд пару бол
نک طوطیان عشق گشادند پر و بال
Каз сӯии Мисри қанд ба қнтор ме расад
کز سوی مصر قند به قنطار میرسد
Шаҳр эминаст ҷумла дуздон гурехтанд
شهر ایمنست جمله دزدان گریختند
Аз бими онки шаҳна қаҳҳор ме расад
از بیم آنک شحنه قهار میرسد
Чандини ҳазор ҷаъфари таррор шаб гурехт
چندین هزار جعفر طرار شب گریخت
Комди хабар ки ҷаъфар тайёр ме расад
کآمد خبر که جعفر طیار میرسد
Фошу сариҳи гӯ ки сифот башар гурехт
فاش و صریح گو که صفات بشر گریخت
Зеро сифоти холиқ ҷаббор ме расад
زیرا صفات خالق جبار میرسد
эй муфлисони боғи хазони роҳатони бузад
ای مفلسان باغ خزان راهتان بزد
Султони навбаҳор ба эсор ме расад
سلطان نوبهار به ایثار میرسد
Дар хомшисти тобиши хуршед бе ҳиҷоб
در خامشیست تابش خورشید بیحجاب
Хомӯш кин ҳиҷоби з гуфтор ме расад
خاموش کاین حجاب ز گفتار میرسد