Ҷома сияҳ кард куфри нур Муҳамад расед

جامه سیه کرد کفر نور محمد رسید

Табл бақо кӯфтанд малик мухиллад расед

طبل بقا کوفتند ملک مخلد رسید

Рӯй замин сабз шуд ҷайб дарид осмон

روی زمین سبز شد جَیب درید آسمان

Бор дигар маи шикофти рӯҳ муҷаррад расед

بار دگر مه شکافت روح مجرد رسید

Гашти ҷаҳони пуршукри басти саодати камар

گشت جهان پرشکر بست سعادت کمر

Хез ки бор дигар он қамарин хад расед

خیز که بار دگر آن قمرین خد رسید

Дил чу стрлоб шуд ояти ҳафт осмон

دل چو سُطُرلاب شد آیتِ هفت آسمان

Шарҳи дили Аҳмадии ҳафт муҷаллад расед

شرح دل احمدی هفت مجلد رسید

Ақли мъқл шабӣ шуд бар султони ишқ

عقل معقل شبی شد برِ سلطان عشق

Гуфт ба иқболи ту нафас муқайяд расед

گفت به اقبال تو نفس مقید رسید

Пайки дил ошиқон рафт ба сар чун қалам

پیک دل عاشقان رفت به سر چون قلم

Мужда ӣ ҳамчун шукр дар дил коғд расед

مژده‌ی همچون شکر در دل کاغد رسید

Чанд кунад зери хоки сабри равонҳои пок ?

چند کند زیر خاک صبر روان‌های پاک ؟

Ҳин зи лаҳади брҷҳиди наср муаййид расед

هین ز لحد برجهید نصر مؤید رسید

Табл қиёмат заданд сувари ҳашар май дамад

طبل قیامت زدند صور حشر می‌دمد

Вақт шуд эй мурдагони ҳашар муҷаддад расед

وقت شد ای مردگان حشر مجدد رسید

Бъсри мо фии алқбўри ҳсли мо фии алсдўр

بعثر ما فی القبور حصل ما فی الصدور

Омад овози сувари рӯҳ ба мақсад расед

آمد آواز صور روح به مقصد رسید

Дӯш дар асторгони ғулғулаи афтода буд

دوش در استارگان غلغله افتاده بود

Каз сӯии неки ахтарони ахтар асъад расед

کز سویِ نیک‌اختران اختر اسعد رسید

Рафт Уториди зи дасти лавҳу қалами дршкст

رفت عطارد ز دست لوح و قلم درشکست

Дар пай ӯ Зуҳраи ҷусти маст ба фарқад расед

در پی او زُهره جَست مست به فرقد رسید

Қурси қамари ранги рехти сӯй асад ме гурехт

قرص قمر رنگ ریخت سوی اسد می‌گریخت

Гуфтам хайраст гуфт соқӣ бихўд расед

گفتم خیرست گفت ساقی بیخود رسید

Ақл дар он ғулғулаи хост ки пайдо шавад

عقل در آن غلغله خواست که پیدا شود

Кӯдак ҳам кӯдакаст гӯ чаҳ ба абҷад расед

کودک هم کودکست گو چه به ابجد رسید

Хез ки даврони мости шоҳи ҷаҳони он мост

خیز که دوران ماست شاه جهان آنِ ماست

Чун назараши ҷони мости умр мؤбд расед

چون نظرش جان ماست عمر مؤبد رسید

Соқӣ берангу лофи рехти шароб аз газоф

ساقی بی‌رنگ و لاف ریخت شراب از گزاف

Рақс ҷамал кард қофи айш ммдд расед

رقص جمل کرد قاف عیش ممدد رسید

Бози сулаймон рӯҳ гуфт салои сабӯҳ

باز سلیمان روح گفت صلای صبوح

Фитнаи билқисро срҳ ммрд расед

فتنه بلقیس را صرح ممرد رسید

Рағми ҳасудони дайни кӯрии деви лъин

رغم حسودان دین کوری دیو لعین

Кӯҳли дилу дида дар чашм мрмд расед

کحل دل و دیده در چشم مرمد رسید

Аз паии номаҳрамон қуфл задам бар даҳон

از پی نامحرمان قفل زدم بر دهان

Хез бигӯ мтрбои ъушрат сармад расед

خیز بگو مطربا عشرتِ سرمد رسید

Хониш
ғзл шморҳ 882 — ъндлӣб