Сибкии ним сурх ва нимӣ зард

سیبکی نیم سرخ و نیمی زرد

Аз гулу заъфарон ҳикоят кард

از گل و زعفران حکایت کرد

Чун ҷудои гашти ошиқ аз маъшӯқ

چون جدا گشت عاشق از معشوق

Баради маъшӯқи нозу ошиқи дард

برد معشوق ناز و عاشق درد

Ин ду ранги мухолиф аз як ҳиҷр

این دو رنگ مخالف از یک هجر

Бар рух ҳар ду ишқ пайдо кард

بر رخ هر دو عشق پیدا کرد

Рухи маъшӯқи зард лоиқ нест

رخ معشوق زرد لایق نیست

Сурхӣу фарбеҳии ошиқи сард

سرخی و فربهی عاشق سرد

Чунк маъшӯқ ноз оғозед

چونک معشوق ناز آغازید

Нози каши ъошқои мгири набард

ناز کش عاشقا مگیر نبرد

Анои колшўки Сайидии колўрд

انا کالشوک سیدی کالورد

Фаҳмои аснони фии алҳқиқаҳи фард

فهما اثنان فی الحقیقه فرد

Анаи алшмси аннии колзл

انه الشمس اننی کالظل

Манеҳ ҳури албқо ва манӣ албрд

منه حر البقا و منی البرد

Ани ҷолўти боризи алтолўт

ان جالوت بارز الطالوت

Ани Довӯди қдрўои фии алсрд

ان داوود قدروا فی السرد

Дили зи тани зод лек шоҳ танаст

دل ز تن زاد لیک شاه تنست

Ҳамчунонк бзоид аз зани мард

همچنانک بزاید از زن مرد

Боз дар дили яке длисти ниҳон

باز در دل یکی دلیست نهان

Чун савории ниҳон шуда дар гирд

چون سواری نهان شده در گرد

Ҷунбиши гирд аз савор буд

جنبش گرد از سوار بود

ӯст кин гирдро ба рақс оварад

اوست کاین گرد را به رقص آورد

Нест шатранҷ то ту фикр кунӣ

نیست شطرنج تا تو فکر کنی

Бо таваккул бирез муҳра чу нарад

با توکل بریز مهره چو نرد

Шамси табриз офтоб диласт

شمس تبریز آفتاب دلست

Миваҳои дили он туфаши пурвирд

میوه‌های دل آن تفش پرورد

Хониш
ғзл шморҳ 968 — ъндлӣб