Шоҳи равшандил ки резади хӯни душмани баҳри дӯст
شاه روشندل که ریزد خون دشمن بهر دوست
Қурси хуршеди фалаки баҳри камар шамшер ӯст
قرص خورشید فلک بهر کمر شمشیر اوست
Шоҳи Исмоили ҳайдари онкӣ дар рӯзи масоф
شاه اسماعیل حیدر آنکه در روز مصاف
Теғ ӯ баҳри хилоф аз аждаҳо барканд пӯст
تیغ او بهر خلاف از اژدها برکند پوست
Мавҷи гўҳрчин буд бар рӯй теғаш аз ғазаб
موج گوهرچین بود بر روی تیغش از غضب
Зонка бо душман чу баҳр аз асл гавҳар тундхуаст
زانکه با دشمن چو بحر از اصل گوهر تندخوست
Ҳарки рӯйиш дид донад каз кадомин гавҳараст
هرکه رویش دید داند کز کدامین گوهرست
Покии гавҳар чу теғаши равшан аз рӯй накӯаст
پاکی گوهر چو تیغش روشن از روی نکوست
Оби теғаш ҳар куҷои сари барзад аз ҷӯии ғилоф
آب تیغش هر کجا سر برزد از جوی غلاف
Об рӯй душманон бар хоки роҳаш об ҷӯаст
آب روی دشمنان بر خاک راهش آب جوست
Хӯни хасмаш чун наризад каз фалак ҳар субҳу шом
خون خصمش چون نریزد کز فلک هر صبح و شام
То қиёмати теғи меҳр аз душманонаш кӣна ҷӯаст
تا قیامت تیغ مهر از دشمنانش کینه جوست
Ҳаркии хӯн душманонаш мехӯрд монанди теғ
هرکه خون دشمنانش میخورد مانند تیغ
Дар миёни дӯстон ҳар ҷо ки бошад сурх рӯаст
در میان دوستان هر جا که باشد سرخ روست
То шавад рӯй замини пок аз ғубори золимон
تا شود روی زمین پاک از غبار ظالمان
Рӯзгорӣ шуд ки оби теғ ӯ дар шаст шӯаст
روزگاری شد که آب تیغ او در شست شوست
Барги гул аз нозукӣ бо теғ ӯ монад вале
برگ گل از نازکی با تیغ او ماند ولی
Қадар ӯ аз гавҳарасту қадар ӯ аз ранг ва бӯаст
قدر او از گوهرست و قدر او از رنگ و بوست
Аз забони теғ ӯ оташи ҷаҳд монанди барқ
از زبان تیغ او آتش جهد مانند برق
Бас ки бо душмани теғ ӯ дар гуфтугӯаст
بس که با دشمن تیغ او در گفتگوست