Султони рӯми ҳамла чу бар хайл занг кард

سلطان روم حمله چو بر خیل زنگ کرد

Зад аФтоби теғу замини лола ранг кард

زد افتاب تیغ و زمین لاله رنگ کرد

Дръи ситораи шери плнгинаҳи пӯши чарх

درع ستاره شیر پلنگینه پوش چرخ

Зери қабои наҳуфта чу ҷурм паланг кард

زیر قبا نهفته چو جرم پلنگ کرد

Хуршеди зин ба нақш чу зад ҳалқаи ҳилол

خورشید زین به نقش چو زد حلقه هلال

Нимӣ намӯд ва ним дигар зер танг кард

نیمی نمود و نیم دگر زیر تنگ کرد

Дасти замона аз хами гардуни камари бсохт

دست زمانه از خم گردون کمر بساخت

Вази ахтари наҳуфта дар ӯ панҷ занг кард

وز اختر نهفته در او پنج زنگ کرد

Субҳ аз сифедаи дами илми фатҳ бар фарохат

صبح از سفیده دم علم فتح بر فراخت

То офтоби кишвари мо майл ҷанг кард

تا آفتاب کشور ما میل جنگ کرد

Ҷамшеди аҳди қосими прнок каз шараф

جمشید عهد قاسم پرناک کز شرف

Аз тахту тоҷи қайсару фағфур нанг кард

از تخت و تاج قیصر و فغفور ننگ کرد

Он аждаҳо ки дар базми аҳли разм

آن اژدها که در بزم اهل رزم

Ҷоми шароби косаи чашм наҳанг кард

جام شراب کاسه چشم نهنگ کرد

Размоварӣ ки мутриби базмаши зи баҳри сохт

رزم آوری که مطرب بزمش ز بهر ساخت

Аз аждаҳо кашид рагу тор чанг кард

از اژدها کشید رگ و تار چنگ کرد

Он рустамӣ ки зилзила чун дар замин фиканд

آن رستمی که زلزله چون در زمین فکند

Ларзанда чун ҷараси дили рўиинаҳ чанг кард

لرزنده چون جرس دل رویینه چنگ کرد

Бар кӯҳи оҳанӣн чу камон аз ғазаб кашид

بر کوه آهنین چو کمان از غضب کشید

Чун ҷбаҳи рахнаи рахнаи зи захм хаданг кард

چون جبه رخنه رخنه ز زخم خدنگ کرد

Чу гоняш чу гӯии замини зер по кашид

چو گانیش چو گوی زمین زیر پا کشید

Майдони исмони Бамау меҳр танг кард

میدان اسمان بمه و مهر تنگ کرد

Аз захми тири бскаҳ баҳам дӯхт мурғ ро

از زخم تیر بسکه بهم دوخت مرغ را

Сад мурғ дар қатори баҳам чун куланг кард

صد مرغ در قطار بهم چون کلنگ کرد

Як ҳамла кард лашкари ҷамшедро шикаст

یک حمله کرد لشکر جمشید را شکست

Биллоҳгар ин муҳорибаи пӯр пашанг кард

بالله گر این محاربه پور پشنگ کرد

Ин худ ҳадиси шери длиҳоӣ ӯ буд

این خود حدیث شیر دلیهای او بود

Кӣ метавон ҳикояти он фар ва ҳонг кард

کی میتوان حکایت آن فر و هنگ کرد

Ҷангии чунин ки рустами азу хор мехӯрд

جنگی چنین که رستم ازو خار میخورد

Бо қади ҳамчуи шохи гулии шӯх ва шнг кард

با قد همچو شاخ گلی شوخ و شنگ کرد

эй космони бсиқли тавфиқ аз азал

ای کاسمان بصیقل توفیق از ازل

Ойӣнаи муроди ту бегирд ва занг кард

آیینه مراد تو بی گرد و زنگ کرد

Ҳамвор агар кунанд замини қоф то бқоФ

هموار اگر کنند زمین قاف تا بقاف

Шояд ки лашгар ту тавонад крнг кард

شاید که لشگر تو تواند کرنگ کرد

Хасми туро ки дасти бгрдни замонаи баст

خصم ترا که دست بگردن زمانه بست

Аз дасти худ бгрдн ӯ полҳнг кард

از دست خود بگردن او پالهنگ کرد

Аз давлати ҷавони хиради пери табъи ту

از دولت جوان خرد پیر طبع تو

Кард онкии зиракони ҷаҳони ҷумла днг кард

کرد آنکه زیرکان جهان جمله دنگ کرد

Ақлами набарди пай ба санои ту гарчи тохт

عقلم نبرد پی به ثنای تو گرچه تاخت

Чндонкаҳи пои мураккаби андеша ланг кард

چندانکه پای مرکب اندیشه لنگ کرد

Хоҳам ки дод мадҳи даҳум лек чун кунам

خواهم که داد مدح دهم لیک چون کنم

Чун роҳи мадҳи қофияи шаҳр танг кард

چون راه مدح قافیه شهر تنگ کرد

Аҳлии зи дасти қофия танг шуд ҳалок

اهلی ز دست قافیه تنگ شد هلاک

То шукри мдиҳи турои танг танг кард

تا شکر مدیح ترا تنگ تنگ کرد

То шаҳсавори чархи қтос аз шуъоъи меҳр

تا شهسوار چرخ قطاس از شعاع مهر

Хоҳад бгрдни фарси сабз ранг кард

خواهد بگردن فرس سبز رنگ کرد

Дар рӯзгори боди замони диранги ту

در روزگار باد زمان درنگ تو

Чндонкаҳ рӯзгор тавонад диранг кард

چندانکه روزگار تواند درنگ کرد