То даст бар асбоби саломати нФшонӣ
چه جور بود که باز ای فلک بمن کردی
Аз домани худ гирди маломати нФшонӣ
چراغ خلوت من شمع انجمن کردی
Чун нақд равон меравад аз дасти ту аидл
تو نیز ای شه خوبان بیاد دار این ظلم
Ҳайфаст ки бар он қаду қомати нФшонӣ
که با رقیب علیرغم من سخن کردی
Зоҳид мазан аинтънаҳ ки дар пои ҷавонон
بخنده لب چو گزیدی چه حسرتی خوردیم
Сармояи перии бғромти нФшонӣ
که پسته لب خندان شکر شکن کردی
эй дида машав хираи бхўршиди ҷамолаш
بیک دو روزه جفا کی برون روی از دل
То ҳар тарафии ашки надомати нФшонӣ
که سالها به محبت درو وطن کردی
Аҳлии ту чунон сӯхтаи гулхани ишқӣ
به عاشقان جگر چاک کی رسی اهلی
Кин гирди ғам аз худ бқёмти нФшонӣ
بیک دو چاک که در جیب پیرهن کردی