Ғам надорад зи гадои тани ғампарвар мо

غم ندارد ز گدایی تن غم پرور ما

Гӯи ҳумои сояи давлати мФкн бар сармо

گو هما سایه دولت مفکن بر سر ما

Дар сафолини қадаҳу соғари бода яке аст

در سفالین قدح و ساغر شه باده یکی است

Ғоят инаст ки аз зар набӯд соғари мо

غایت این است که از زر نبود ساغر ما

Оташи мо чаҳ ҳадисаст ки обаши бикашад

آتش ما چه حدیث است که آبش بکشد

Балки сӯзади ҷигари диҷлаи зхокстри мо

بلکه سوزد جگر دجله زخاکستر ما

Ҳазар аз шуълаи сӯзи дили мо бояд кард

حذر از شعله سوز دل ما باید کرد

Зон ки ҷуз дар раги ҷон ҳо нахулд нштрҳо

زان که جز در رگ جان ها نخلد نشتر ما

Чашми мо ташнаи лабон баҳр шуд аз ашг чаҳ суд

چشم ما تشنه لبان بحر شد از اشک چه سود

Ки лабӣ тар накунад гиряи чашмтар мо

که لبی تر نکند گریه چشم تر ما

Мо чунин пой ба гули ҳамчуи ниҳол аз ғами ту

ما چنین پای به گل همچو نهال از غم تو

Хуштар аз оби равони мигзрӣ аз бар мо

خوشتر از آب روان می‌گذری از بر ما

Аҳлии он ма чу нхўондти саги худ нола макун

اهلی آن مه چو نخواندت سگ خود ناله مکن

Мо гадоӣам такаллуф набӯд дар хури мо

ما گداییم تکلف نبود در خور ما