Чун нанолам ки зи ишқами ҳама бедод расад
چون ننالم که ز عشقم همه بیداد رسد
Биҷуз аз нолаи зорам ки ба фарёд расад
بجز از ناله زارم که به فریاد رسد
Сӯрати чин ки ба ороиши наққош касе аст
صورت چین که به آرایش نقاش کسی است
Кӣ бзибоиии он ҳасан худо дод расад
کی بزیبایی آن حسن خدا داد رسد
Марҳамӣ на бадал аз хандаи ширин варна
مرهمی نه بدل از خنده شیرین ورنه
Аз тршрўиии ширин чаҳ бФрҳод расад
از ترشرویی شیرین چه بفرهاد رسد
Шохи тӯбои натавонад ба ту аиших расед
شاخ طوبی نتواند به تو ایشیخ رسید
Чехияанд шохи гиёҳӣ ки бшмшод расад
چکند شاخ گیاهی که بشمشاد رسد
Бо ғам рӯй ту осӯдау маҷмӯи дилам
با غم روی تو آسوده و مجموع دلم
Оҳгар зулфи парешони ту бо бод расад
آه گر زلف پریشان تو با باد رسد
Оҳи ман хотири маҷмӯ парешон созад
آه من خاطر مجموع پریشان سازد
Даври бод онкӣ бидон срўдл озод расад
دور باد آنکه بدان سرودل آزاد رسد
Заҳр чашмӣ бинмо аҳлии длсўхтаҳ ро
زهر چشمی بنما اهلی دلسوخته را
То бики чашм задан дар адам обод расад
تا بیک چشم زدن در عدم آباد رسد