эй шудаи малику дайни зи калаки ту рост
ای شده ملک و دین ز کلک تو راست
Калаки ту кори малик ва дайн орост
کلک تو کار ملک و دین آراست
Дили софят матлаъ қадараст
دل صافیت مَطلع قَدَرست
Кафи кофят муқтазоӣ қазост
کفِ کافیت مقتضای قضاست
Ҳиммати ту муҳӣт чун фалак аст
همت تو محیط چون فلک است
Неъмати ту басит ҳамчу ҳавост
نعمت تو بسیط همچو هواست
Дасти ту абру ҷӯади ту мтрст
دست تو ابر و جود تو مَطَرست
Лафзи ту дару табъ ту дарёст
لفظ تو دُرّ و طبع تو دریاست
Одати ту ба фахр пайваста аст
عادت تو به فخر پیوسته است
Сирату расми ту з айб ҷудост
سیرت و رسم تو ز عیب جداست
Гар тафохур буд зи хизмати ту
گر تفاخر بود ز خدمت تو
Он тафохури алӣ алхусус марост
آن تفاخر عَلَیالخُصوص مراست
Ҳаст якто ба меҳри ту дили ман
هست یکتا به مهر تو دل من
Пушти ман дар парастиши ту дўтост
پشت من در پرستش تو دوتاست
Сад ато аз ту беш ёфта ам
صد عطا از تو بیش یافتهام
Ҳар якеро ҳазор шукр ва саност
هر یکی را هزار شکر و ثناست
Қиссаи хеш бо ту донам гуфт
قصهٔ خویش با تو دانم گفت
Ҳоҷати хеш аз ту донам хост
حاجت خویش از تو دانم خواست
Чун буд рӯзгори ман ки маро
چون بود روزگار من که مرا
Харҷи пайдо ва дахл нопидост
خرج پیدا و دخل ناپیداست
Бор бисёру боркаши андак
بار بسیار و بارکش اندک
Чокарон бешу мураккабон кам вкост
چاکران بیش و مرکبان کم وکاست
Даии маро буд фикрати имрӯз
دی مرا بود فکرت امروز
Бозами имрӯз фикрат фардост
بازم امروز فکرت فرداست
Гарчи дар пойгоҳу кӣсаи ман
گرچه در پایگاه و کیسهٔ من
На сутураст ва на сутур баҳост
نه ستورست و نه ستور بهاست
Ба як уштур ки ту марои бидиҳӣ
به یک اشتر که تو مرا بدهی
Ҳамаи корам тамом гардад рост
همه کارم تمام گردد راست
Баракоти саховати ту маро
برکات سخاوت تو مرا
Фатҳи боб ҳзоргўнаҳ атост
فتح باب هزارگونه عطاست
Аз бақои ту даври боди фано
از بقای تو دور باد فنا
То ба даҳри андаруни бақо ва фаност
تا به دهر اندرون بقا و فناست
Бар тану дилату ҷонати боди эҷоб
بر تن و دلت و جانت باد ایجاب
Ҳарчӣ андари ҷаҳон ба хайр дуост
هرچه اندر جهان بهخیر دعاست