эй дар ҳунари мақдами аъёни рӯзгор

ای در هنر مقدم اعیان روزگار

Дар назму насри ахтли вҳсони рӯзгор

در نظم و نثر اخطل وحسان روزگار

Осон бар нФози ту душвори ахтарон

آسان بر نفاذ تو دشوار اختران

Пайдо бар замири ту пинҳони рӯзгор

پیدا بر ضمیر تو پنهان روزگار

Номонда чу ту ахтар дар бурҷи шоирӣ

نامانده چو تو اختر در برج شاعری

Нобӯда чун ту гавҳар дар кони рӯзгор

نابوده چون تو گوهر در کان روزگار

Ҳалами туро камона ҳаме кард осмон

حلم ترا کمانه همی کرد آسمان

Бигусаст ҳар ду пилаи мизони рӯзгор

بگسست هر دو پلهٔ میزان روزگار

Ахлоқи ту савод ҳаме кард лутфи ту

اخلاق تو سواد همی کرد لطف تو

Пар шуд баёзу дафтару девони рӯзгор

پر شد بیاض و دفتر و دیوان روزگار

Бо ақли тарс тарсон гуфтам ки дар сано

با عقل ترس ترسان گفتم که در ثنا

Онро ки ҳаст зубдаи аъёни рӯзгор

آنرا که هست زبدهٔ اعیان روزگار

Луқмон рӯзгораш хонам чаҳ гуфт гуфт

لقمان روزگارش خوانم چه گفت گفت

Ҷузи анварӣ ки зебади луқмони рӯзгор

جز انوری که زیبد لقمان روزگار

Гуфтам ки чист номи адуяш яке бигӯӣ

گفتم که چیست نام عدویش یکی بگوی

Гуфто агар ндонӣ кам дони рӯзгор

گفتا اگر ندانی کم‌دان روزگار

Чашми замонаи кас ба ҳунар мисли ту надид

چشم زمانه کس به هنر مثل تو ندید

эй гашта дар фасоҳати сҳбони рӯзгор

ای گشته در فصاحت سحبان روزگار

Бар фарқи шоҳи маънии ?бакарат нисор кард

بر فرق شاه معنی بکرت نثار کرد

Ҳар сомитӣ ки буд дар анбони рӯзгор

هر صامتی که بود در انبان روزگار

Бо онкии мавҷи баҳри ту андар сафина рафт

با آنکه موج بحر تو اندر سفینه رفت

Эмин шавад зи ғарқаи тӯфони рӯзгор

ایمن شود ز غرقهٔ طوفان روزگار

Дасти қазои зи косаи ҷони луқмаи ҳаёт

دست قضا ز کاسهٔ جان لقمهٔ حیات

Дода мувофиқатро бар хон рӯзгор

داده موافقت را بر خوان روزگار

Пой қадар бимолаш ҳаргунаи ҳодиса

پای قدر بمالش هرگونه حادثه

Карда мухолифатро бар нони рӯзгор

کرده مخالفت را بر نان روزگار

Тифлони нутқи сӯрат маънӣат ме кунанд

طفلان نطق صورت معنیت می‌کنند

Пайвастаи шӯҳратӣ ба дабистони рӯзгор

پیوسته شهرتی به دبستان روزگار

Султон доду дайн ки зи тамкин ва қадар ӯст

سلطان داد و دین که ز تمکین و قدر اوست

Дар ҳалу ақди қудрату имкони рӯзгор

در حل و عقد قدرت و امکان روزگار

Чун дар ту дид ончӣ ки ҳаргизи надида буд

چون در تو دید آنچه که هرگز ندیده بود

Зон сад яке зи ҷумлаи инсони рӯзгор

زان صد یکی ز جملهٔ انسان روزگار

Кардат ба худ гиромӣ ва он худ ҳамеи сзид

کردت به خود گرامی و آن خود همی سزید

Худ ҳарза кор набӯд султони рӯзгор

خود هرزه‌کار نبود سلطان روزگار

Тириз кард дасти ҳаводиси зи остинат

تیریز کرد دست حوادث ز آستینت

Чун доман ту диду гиребони рӯзгор

چون دامن تو دید و گریبان روزگار

Аз пушти дасти пора ба дандони бикунади чарх

از پشت دست پاره به دندان بکند چرخ

То чун хуш омадӣ ту ба дандони рӯзгор

تا چون خوش آمدی تو به دندان روزگار

То рӯзгори он ту шуд ҳаркии бахт ро

تا روزگار آن تو شد هرکه بخت را

Гуфт он кистӣ ту бигуфт он рӯзгор

گفت آن کیستی تو بگفت آن روزگار

Бо ин ҳама нагаштӣ ҳаргизи фирефта

با این همه نگشتی هرگز فریفته

Чун дигарон ба гурба дар анбони рӯзгор

چون دیگران به گربه در انبان روزگار

Аз баҳри дафъи саҳараи фиръавни ҷаҳл ро

از بهر دفع سحرهٔ فرعون جهل را

Калакати Асои Мӯсои умрони рӯзгор

کلکت عصای موسی عمران روزگار

Дар орзӯӣ рӯй ту умрӣ гузоштам

در آرزوی روی تو عمری گذاشتم

Пинҳони зи чашму гӯш ба даврони рӯзгор

پنهان ز چشم و گوش به دوران روزگار

Охир ба дидан ту дилам кард шодмон

آخر به دیدن تو دلم کرد شادمان

эй сад ҳазор раҳмат бар ҷони рӯзгор

ای صد هزار رحمت بر جان روزگار

зи эҳсони рӯзгори ғариқам валек нест

ز احسان روزگار غریقم ولیک نیست

Бар ман ҷӯии зи миннати эҳсони рӯзгор

بر من جوی ز منت احسان روزگار

эй хондаи мари турои хирад аз ғояти латиф

ای خوانده مر ترا خرد از غایت لطیف

Дар боғи лутфи дастаи райҳони рӯзгор

در باغ لطف دستهٔ ریحان روزگار

Аз рӯзгори узри марои бозхўоаҳ аз онк

از روزگار عذر مرا بازخواه از آنک

Гаштами ғариқи миннати ақрони рӯзгор

گشتم غریق منت اقران روزگار

Онро ки нест ҳиммати ман ӯ туфайлӣ аст

آنرا که نیست همت من او طفیلی است

Кӯ саргарон шудаст ба меҳмони рӯзгор

کو سرگران شدست به مهمان روزگار

Зини рӯ ки рӯзгор накӯ дорадам ҳаме

زین رو که روزگار نکو داردم همی

Ҳастанд на сипеҳри санохони рӯзгор

هستند نه سپهر ثناخوان روزگار

Доданд меҳтарони лақабами анварӣ валек

دادند مهتران لقبم انوری ولیک

Чрхни нигар чаҳ хонд хоқони рӯзгор

چرخن نگر چه خواند خاقان روزگار

Гар лоф пош ҳаст ба наздики фозилон

گر لاف‌پاش هست به نزدیک فاضلان

Шеърам биравӣ даъвии бурҳони рӯзгор

شعرم بروی دعوی برهان روزگار

эй харсавори пеш касе лоф май занӣ

ای خرسوار پیش کسی لاف می‌زنی

Кӯшад савори фазл ба майдони рӯзгор

کوشد سوار فضل به میدان روزگار

Неи не ба мадҳи бози шӯ ва пас бигӯӣ зуд

نی‌نی به مدح باز شو و پس بگوی زود

К-эии собит аз вуҷӯди ту арқони рӯзгор

کای ثابت از وجود تو ارکان روزگار

Гирди каммияти ваҳми туро дар наёфтанд

گرد کمیت وهم ترا در نیافتند

Неи аблақи замона на як рони рӯзгор

نی ابلق زمانه نه یک ران روزگار

Дар чашми ҳиммат ту насинҷид ба ним ҷӯ

در چشم همت تو نسنجد به نیم جو

Неи куҳнаи сипеҳр на халқони рӯзгор

نی کهنهٔ سپهر نه خلقان روزگار

Ҷузвии зи рои тест чу некӯ нигаҳ кунанд

جزوی ز رای تست چو نیکو نگه کنند

Ин равшанӣ ки ҳаст дар айвони рӯзгор

این روشنی که هست در ایوان روزگار

Бе гавҳари вуҷӯди ту дар рустаи ҷаҳон

بی‌گوهر وجود تو در رستهٔ جهان

Маълум буд зинати дукони рӯзгор

معلوم بود زینت دکان روزگار

Бар чорсўқи меҳнат ҳар дами адуат ро

بر چارسوق محنت هر دم عدوت را

Оради қазо ба қӯту дастони рӯзгор

آرد قضا به قوت و دستان روزگار

Теғ аҷал кашида ва ҳар сӯи давидаи нек

تیغ اجل کشیده و هر سو دویده نیک

Овозро ки фармони фармони рӯзгор

آواز را که فرمان فرمان روزگار

Гаштам хамӯш аз онкӣ агар нафаси нотиқа

گشتم خموش از آنکه اگر نفس ناطقه

Монад масӯн ҳамеша зи ҳурмони рӯзгор

ماند مصون همیشه ز حرمان روزگار

Сад як зи мадҳ ту натавонам тамом гуфт

صد یک ز مدح تو نتوانم تمام گفت

Сад бор агар бигардам поёни рӯзгор

صد بار اگر بگردم پایان روزگار