Зиҳии дасти вазорат аз ту маъмур

زهی دست وزارت از تو معمور

Чунон каз пои Мӯсои пояи тавр

چنان کز پای موسی پایهٔ طور

Зиҳии меъмори инсоф ту карда

زهی معمار انصاف تو کرده

Дару девори дайн ва дод маъмур

در و دیوار دین و داد معمور

Қазо дар мавкиби тақдири нФрошт

قضا در موکب تقدیر نفراشت

зи азмати роятии ало ки Мансур

ز عزمت رایتی الا که منصور

Қадар дар сакана айём нагузошт

قدر در سکنهٔ ایام نگذاشت

зи адлати фитнае ало ки мастур

ز عدلت فتنه‌ای الا که مستور

Ту аз илми аввалии вази феъли охир

تو از علم اولی وز فعل آخر

Чаҳ ҷой соҳибасту садру дастур

چه جای صاحبست و صدر و دستور

Ту пеш аз олимӣ гарчи дараве

تو پیش از عالمی گرچه درویی

Чу рамзи маънавӣ дар кисвати зӯр

چو رمز معنوی در کسوت زور

Ҳақиқати мардуми чашми вуҷӯдӣ

حقیقت مردم چشم وجودی

Бномизди зиҳӣ чашм бидон давр

بنامیزد زهی چشم بدان دور

Сумуми қаҳрат аз фарти ҳарорат

سموم قهرت از فرط حرارت

Мизоҷи маргро кардаст мҳрўр

مزاج مرگ را کردست محرور

Насими лутфат ар бо ӯ бакӯшад

نسیم لطفت ار با او بکوشد

Наад дар неши каждуми нӯши занбӯр

نهد در نیش کژدم نوش زنبور

Тавонад дод пеш аз рӯзи маҳшар

تواند داد پیش از روز محشر

Қазо дар ҳашару нашри халқи маншур

قضا در حشر و نشر خلق منشور

Ба саъии калаки ту каз хосият ҳаст

به سعی کلک تو کز خاصیت هست

Сриршро мизоҷи садумати сувар

صریرش را مزاج صدمت صور

Агар ҷоҳи рафеъат худ накардаст

اگر جاه رفیعت خود نکردست

Ба умри худ ҷузи ин як саъии мшкўр

به عمر خود جز این یک سعی مشکور

Ки бар гардун ба ҳасбати сояи афканд

که بر گردون به حسبت سایه افکند

Азуи баси хидматии нодидаи мбрўр

ازو بس خدمتی نادیده مبرور

Тамомаст инки то субҳ абад шуд

تمامست اینکه تا صبح ابد شد

Ҳам аз маърӯф ва ҳам хуршеди машҳур

هم از معروف و هم خورشید مشهور

Турои ин ҷоҳи қоҳири қаҳр мо нест

ترا این جاه قاهر قهر ما نیست

Ки қаҳраши маргро кардаст мақҳур

که قهرش مرگ را کردست مقهور

Ҳасудатро зи баҳри туъмаи як чанд

حسودت را ز بهر طعمه یک‌چند

Агар айём фарбеҳ карду мағрур

اگر ایام فربه کرد و مغرور

Ҳамон айёми давлати рӯзи равшан

همان ایام دولت روز روشن

Бирав кард аз тъби шабҳои диҷўр

برو کرد از تعب شبهای دیجور

Ҷҳондорӣ куҷо ояд зи ноаҳл

جهانداری کجا آید ز نااهل

Сқнқўрӣ куҷо ояд зи кофур

سقنقوری کجا آید ز کافور

Худовандо зи ҳасб банда бишинав

خداوندا ز حسب بنده بشنو

Ба ҳасбати байти даҳ манзуму мансур

به حسبت بیت ده منظوم و منثور

Агар ман бандаро ҳурмон ҳаме дошт

اگر من بنده را حرمان همی داشت

Ду рӯз аз хизматати маҳрӯму маҳҷӯр

دو روز از خدمتت محروم و مهجور

Ту доне каз фурӯди даври гардун

تو دانی کز فرود دور گردون

Мухайяр нест каси ало ки маҷбур

مخیر نیست کس الا که مجبور

Ба як бади хидматии осии мдонм

به یک بد خدمتی عاصی مدانم

Ки дар ихлос дорам ҳаззи мўФўр

که در اخلاص دارم حظ موفور

Чу марҷаъ бо ризоу раҳмати тест

چو مرجع با رضا و رحمت تست

Ба ҳар узрам ки хоҳии дори маъзӯр

به هر عذرم که خواهی دار معذور

Гарми ғуфрони ту дар соя гирад

گرم غفران تو در سایه گیرد

Худ он кории вебади нури алии нур

خود آن کاری وبد نور علی نور

Вагар бо ман ба кард ман кунӣ кор

وگر با من به کرد من کنی کار

Ба табъат бандаам вази ҷонати маъмур

به طبعت بنده‌ام وز جانت مامور

Биё то каҷ нишинам рост гӯям

بیا تا کج نشینم راست گویم

Ки кажии мотами оради ростии сур

که کژی ماتم آرد راستی سور

Маро алҳақ зи шавқи хизмати ту

مرا الحق ز شوق خدمت تو

Дили ғамнок буду ҷони ранҷур

دل غمناک بود و جان رنجور

Яке зин коргирон гуфт май дон

یکی زین کارگیران گفت می‌دان

Ки бҳробод давраст аз ншобўр

که بحرآباد دورست از نشابور

Чу андари мавкиб олӣ нарафтӣ

چو اندر موکب عالی نرفتی

Марв роҳӣаст пари таркони хӯни хур

مرو راهیست پر ترکان خون‌خور

Яке дар кафи қлҷи срҳол ва тозон

یکی در کف قلج سرهال و تازان

Яке баркафи қадаҳи сармасту махмур

یکی برکف قدح سرمست و مخمور

Сафии аддӣни муваффақ ҳам нарафтаст

صفی‌الدین موفق هم نرفتست

Вази оҳоди ҳарифон чанд мазкӯр

وز آحاد حریفان چند مذکور

Маро аз фасхи эшон фасх шуд азм

مرا از فسخ ایشان فسخ شد عزم

Чу ангурӣ ки гирад ранг аз ангур

چو انگوری که گیرد رنگ از انگور

Ало то ҳеҷ мақдӯраст ва кин

الا تا هیچ مقدورست و کاین

Ки андар лавҳ маҳфӯзаст мстўр

که اندر لوح محفوظست مسطور

Мабодо кин аз таъсии даврон

مبادا کاین از تاثیر دوران

Ба гетӣ бе муродати ҳеҷ мақдӯр

به گیتی بی‌مرادت هیچ مقدور

Сипеҳр аз пояи қасри ту қосир

سپهر از پایهٔ قصر تو قاصر

Замон бар муддати умри ту мқсўр

زمان بر مدت عمر تو مقصور

Турои малики сулаймони вази салимӣ

ترا ملک سلیمان وز سلیمی

Адуати андари сарои деви муздур

عدوت اندر سرای دیو مزدور