То ҷони мо гузашти азин қилу қол ҳо

تا جان ما گذشت ازین قیل و قال‌ها

Дилро ба ёд рӯй ту завқасту ҳол ҳо

دل را به یاد روی تو ذوقست و حال‌ها

То шаста шуд зи лавҳи дилами нақши ғайри дӯст

تا شسته شد ز لوح دلم نقش غیر دوست

Ҷони маро ба ӯст мудоми ин висол ҳо

جان مرا به اوست مدام این وصال‌ها

То кардаам ба ҳасани ту ташбеҳи моҳу хур

تا کرده‌ام به حسن تو تشبیه ماه و خور

Дорам з рӯй ту ҳамаи дами инфеъол ҳо

دارم ز روی تو همه‌دم انفعال‌ها

То офтоб рӯй ту дидам дар авҷи ҳасан

تا آفتاب روی تو دیدم در اوج حسن

Дигар надид кавкаби бахтаму бол ҳо

دیگر ندید کوکب بختم و بال‌ها

Аҳли гумон ки баҳра надоранд аз яқин

اهل گمان که بهره ندارند از یقین

Доранд дар раҳи ту аҷоиби хаёл ҳо

دارند در ره تو عجایب خیال‌ها

Дар базми васли ту чу дилами шод ва хуррамаст

در بزم وصل تو چو دلم شاد و خرمست

Ҷонам раҳед аз ғами ҳиҷру малол ҳо

جانم رهید از غم هجر و ملال‌ها

Ҳасании чунин ки дид , асирӣ наме тавон

حسنی چنین که دید، اسیری نمی‌توان

Гуфтани баёни шамаи он моҳу сол ҳо

گفتن بیان شمه آن ماه و سال‌ها