Ёрам чу ниқоб аз рух чун моҳ гушӯдаст
یارم چو نقاب از رخ چون ماه گشودست
Аз парда ҳар зарраи бмн меҳр намӯдаст
از پرده هر ذره بمن مهر نمودست
Як зоти бнқши ду ҷаҳон дид ҳувайдо
یک ذات بنقش دو جهان دید هویدا
Ҳаркас ки дил аз занги дуе пок з дӯдаст
هرکس که دل از زنگ دویی پاک ز دودست
То ёри зи хлўтгаҳ худ рафт бсҳро
تا یار ز خلوتگه خود رفت بصحرا
Зон кавкабаи офоқи пар аз гуфт ва шунӯдаст
زان کوکبه آفاق پر از گفت و شنودست
Зоҳид чаҳ шуд охир ки шудӣ мункири ушшоқ
زاهد چه شد آخر که شدی منکر عشاق
Инкори ту дар ишқи бмои гӯи з чаҳ будаст
انکار تو در عشق بما گو ز چه بودست
Ҷону дил ва дайн додаму васли ту харидам
جان و دل و دین دادم و وصل تو خریدم
Дар ишқи марои байн ки чаҳ савдо ва чаҳ судаст
در عشق مرا بین که چه سودا و چه سودست
Ҷони ман шӯридаи бадном ҳамеша
جان من شوریده بدنام همیشه
Маст май васли ту алӣ рағм ҳасудаст
مست می وصل تو علی رغم حسودست
Яксони брмоўсл ва фироқаст асирӣ
یکسان برماوصل و فراقست اسیری
Чун ҷону дилами маст меҷом шуҳудаст
چون جان و دلم مست می جام شهودست