Эзади бсршт чун гули мо
ایزد بسرشت چون گل ما
Меҳр ту наҳуфт дар дили мо
مهر تو نهفت در دل ما
Бози ой ки равнақӣ надорад
باز آی که رونقی ندارد
Бе шамъи рухи ту маҳфили мо
بی شمع رخ تو محفل ما
Чун ҳаст надим дар бар он гул
چون هست ندیم در بر آن گل
Гулро ббрози муқобили мо
گل را ببراز مقابل ما
Аз дидаи зи бскаҳ хӯн фишондем
از دیده ز بسکه خون فشاندیم
Дар хӯн диласт манзили мо
در خون دل است منزل ما
Сайдам кард ва нагуфт чун шуд
صیدم کرد و نگفت چون شد
Он тоири ним бсмли мо
آن طایر نیم بسمل ما
Тарсам ки зи файзи зоҳидӣ ро
ترسم که ز فیض زاهدان را
Шомил шавад аҷри қотили мо
شامل شود اجر قاتل ما
Якҷу Меҳрӣ нагашта ҷузи ҷавр
یکجو مهری نگشته جز جور
Зон хирмани ҳасани ҳосили мо
زان خرمن حسن حاصل ما
Аз майкадаи грдрии кушояд
از میکده گردری گشاید
Нагушӯда зи дарси мушкили мо
نگشوده ز درس مشکل ما
Асрори раҳи ҷунуни гирифтем
اسرار ره جنون گرفتیم
Кон турра шавад слосли мо
کان طره شود سلاسل ما